होम पर वापस जाएं
भाभी की चुदाई पठन समय: 10 मिनट पढ़ा गया: 843 बार

मेरा गुप्त जीवन- 144

यश देव

31 Mar 2026 को प्रकाशित

मेरा गुप्त जीवन- 144
कहानी सुनें

ऑडियो प्लेयर (Play Audio)

स्वर: लोड हो रहा है...

0:00
0:00

सब कॉलेज के लड़के और लड़कियाँ अपनी कारों में बैठ गए और फिर मैंने कम्मो को बुलाया और कहा कि तुम भी चलो हमारे साथ पिक्चर देखने!और जब मैंने उसी पिक्चर का नाम लिया जिसमें सबने बहुत ही ज्यादा मेहनत से काम किया था तो वो और पारो दोनों झट ही तैयार हो गई।मेरी इसी कहानी के 112 से 138 भाग देखिये।

हम ठीक समय पर सिनेमा में पहुंचे तो मैं और एक दो लड़के लड़कियाँ सीधे मैनेजर के कमरे में चले गए।जब उसने मुझ को देखा तो एकदम से चिल्ला पड़ा- अरे, ये तो फ़िल्मी सोमेश्वर सिंह जी हैं! आपकी तो हम बड़े दिनों से तलाश कर रहे थे क्यूंकि फिल्म कंपनी चाहती है कि फिल्म की पब्लिसिटी में आप हमारा साथ दें!

यह सुन कर सिनेमा का सारा स्टाफ वहाँ जमा हो गया और हैरानी से और ख़ुशी से मुझको देख रहा था।सबने बारी बारी से मेरे से हाथ मिलाया और साथ यह भी कहा- क्या कमाल का डांस किया है आपने फिल्म में सोमेश्वर जी, आपने तो लखनऊ का नाम रोशन कर दिया। वाह वाह!

इतने में पहला शो खत्म हुआ और जब उन सबको पता चला कि मैं भी वहाँ आया हुआ हूँ तो सारी भीड़ उमड़ पड़ी मुझको देखने के लिए और खूब धक्का पेल शुरू हो गई।मैं और मेरे साथी मैनेजर के कमरे में छुप गए।

मैनेजर साहिब ने मुझसे पूछ कर घोषणा कि कल दिन मैं सिनेमा की लॉबी में सब चाहने वालों को मिलूंगा 3 बजे के बाद और उनको अपने हस्ताक्षर भी दूंगा।यह सुन कर सब लोग धीरे धीरे वहाँ से जाने लगे और कुछ ने फिर भी मुझ से हाथ मिलाने में कोई कसर नहीं छोड़ी।

फिर मैनेजर साहिब ने टिकट के पैसे लेने से मना कर दिया और हम सब को हाल के अंदर तक छोड़ कर आये और यह भी कहा कि हम सबकी जलपान व्यस्था कर दी है और वो हाल में पहुंचा दिया जायेगा।

हाल में मेरे साथ बैठने की कश्मकश लड़कियों के बीच लगी हुई थी और मैडम के कहने के मुताबिक एक तरफ वो स्वयं बैठी थी और मेरे दूसरी तरफ सलोनी को बिठा दिया गया और उसके साथ ही रति को बैठा दिया था।बाकी की सारी लड़कियाँ रति के बाद बैठा दी गई और अंत में लड़कों को बिठाया गया।

पिक्चर शुरू हुई तो वही रोना धोना था लेकिन कोई 15 मिन्ट बाद हमारे गाँव को दिखाना शुरू कर दिया, नदी और उसके किनारे के सुन्दर जंगल की फोटोग्राफी बड़ी ही मनमोहक थी!फिर वह गाँव की लड़कियों का डांस शुरू हो गया और साथ में गाँव वाले लड़कों की ड्रेस में मुझ को गाँव की बालाओं को छुप छुप देखते हुए दिखाया गया।

फिर मेरे साथ डांस वाली सब लड़कियों के साथ डांस शुरू हो गया और यह देख कर मेरे साथ बैठे सब सहपाठियों ने तालियाँ मारनी शुरू कर दी।थोड़ी देर बाद ही मेरा चिपको डांस शुरू हुआ जिसको देख कर तो सारा हाल तालियों और सीटियों से गूँज उठा।बालकनी में बैठे हुए सभी लोगों को मेरे वहाँ होने का आभास मिल चुका था तो सब मुड़ मुड़ कर मुझको देख कर तालियाँ बजा रहे थे और मैं भी उठ उठ कर उनका अभिवादन स्वीकार कर रहा था।

सलोनी मेरे चिपको डांस से इतनी प्रभावित हो चुकी थी कि उसके हाथ मेरे लौड़े पर टिके हुए थे।और जब उसने महसूस किया कि मेरा लंड खड़ा हुआ है तो उसने अजीब हिम्मत दिखाई और मेरे लौड़े को पैंट से आज़ाद कर अपने हाथ में ले लिया।

मैंने अपनी दूसरी तरफ देखा तो अंजलि मैडम पिक्चर देखने में मगन थी तो मैंने भी सलोनी की टाइट चूत के ऊपर उसकी सलवार के ऊपर से हाथ रख दिया।फ़िर सलोनी ने अपनी कमीज को ऊपर कर दिया और मेरे हाथ के ऊपर उसको रख दिया।अब मेरा हाथ लोनी की चूत पर रखा था और मैं धीरे धीरे से उसकी सलवार के ऊपर से चूत पर हाथ फेरने लगा, बालों से भरी चूत के बालों को महसूस करने लगा।

फिर धीरे धीरे उसकी चूत में गीलापन आना शुरू हो गया और वो उसकी पतली सलवार से बाहर तक महसूस होने लगा।सलोनी के साथ बैठी हुई रति को शक हो रहा था कि सलोनी ज़रूर मेरे साथ कुछ ना कुछ कर रही होगी इसलिए वो बार बार उचक उचक कर देखने की कोशिश कर रही थी कि हम दोनों क्या कर रहे हैं।

थोड़ी देर बाद मैंने महसूस किया अंजलि मैडम जो मेरी बाईं तरफ बैठी थी, उनका एक हाथ मेरे बाईं जांघ के ऊपर पड़ा हुआ था और वो हल्के हल्के मेरी जांघ पर जैसे चल रहा था।मैंने भी अपना हाथ मैडम के हाथ के ऊपर रख दिया और उन्होंने मेरा हाथ अपनी सिल्की साड़ी वाली जांघ पर रख दिया।

अब हम दोनों एक दूसरे की जांघों पर अपने हाथ फेर रहे थे और दूसरी तरफ सलोनी मेरी जांघों और लंड के साथ खेल रही थी।मैडम के हाथ को देखते हुए मैंने अपने लंड को अपनी पैंट के अंदर कर लिया ताकि कहीं गलती से मैडम का हाथ मेरे अकड़े लंड पर ना पड़ जाए।

सलोनी को भी सर हिला कर मना कर दिया कि वो मेरे लंड को ना छेड़े।इंटरवल में मैनेजर साहिब के कहने पर हम सब के लिए कोल्ड ड्रिंक्स और समोसे आ गये और हम सबने ही बड़े चाव से खाए।

यह भी पढ़ें (Recommended)

Padosan Bhabhi Ko Jamkar Thoka – Part II

इंटरवल के बाद मेरी दाईं सीट पर रति आ बैठी।जैसे ही हाल में अँधेरा हुआ, वो शुरू हो गई मुझसे छेड़ छाड़ करने लेकिन मैंने उसके कान में फुसफुसा दिया कि मैडम का कुछ तो लिहाज़ करो!

इंटरवल के बाद मैडम भी काफी बोल्ड हो चुकी थी और अब वो खुल कर मेरे लंड और शरीर के साथ खेलने लगी, मैं भी मैडम का पूरा साथ दे रहा था।मैम ने मेरे लंड को निकाल रखा था पैंट से और मैं भी उनके मम्मों और चूत पर साड़ी के ऊपर से हाथ फेरता रहा।

पिक्चर खत्म हुई तो मैडम बोली- सोमू तुम वापस मेरी कार से चलना, मैं तुमको रास्ते में ड्राप कर दूंगी।मैंने भी हामी भर दी।मैडम के साथ जाने से पहले मैंने कम्मो और पारो और रति को एक कार में बिठा दिया जो उनको घर तक छोड़ आने वाली थी क्यूंकि वो लड़की भी उसी तरफ की रहने वाली थी।

मैडम बड़ी अच्छी कार चलाती थी और वो कार को चलाती हुई मुझको एक रेस्तराँ में ले गई।वहाँ जाते ही उसने हम दोनों के लिए बड़ा ही हॉट डिनर मंगवाया जिसमें मटन के कई बड़ी स्वादिष्ट व्यंजन थे।

खाना खाते हुए अंजलि मैडम ने अपना बायाँ हाथ मेरी जांघ पर ही रखा हुआ था और वो बार बार चुदाई के हिंट्स दे रही थी।मुझको समझते देर नहीं लगी कि वो चुदाई के लिए काफी बेकरार हो रही थी तो मैंने भी अपनी रज़ामंदी उनकी जांघों पर अपने हाथ को फेरते हुए ज़ाहिर कर दी।

खाने के दौरान मैडम ने मुझसे पूछा- सोमू, तुम्हारी कोठी में कौन कौन रहता है?मैं बोला- मैडम जी, मैं और मेरे सर्वेन्ट्स ही रहते हैं अभी तो, आप आ सकती हैं जब आप की मर्ज़ी हो लेकिन ज़रा पहले बता देंगी तो मैं सारे इंतज़ाम कर के रखूंगा।अंजलि मैडम बोली- कल तो तुम बिजी होगे सिनेमा में, तो क्या मैं परसों आ जाऊँ?

मैं बोला- मैडम जी, आप कल शाम को फ्री हैं क्या? यदि हाँ तो आप कल ही आ जाएँ मेरे घर, तब तक मैं भी सिनेमा से फ्री हो जाऊंगा।मैडम मान गई और खाना खाने के बाद वो मुझ को घर छोड़ते हुए अपने घर चली गई।

अगले दिन कॉलेज में रिहर्सल करने के बाद मैं और रति दोनों सिनेमा चले गए जहाँ काफी लोग मुझसे मिलने के लिए आये और मेरे ऑटोग्राफ लेने के लिए सब काफी उत्सुक थे।सबने मेरे डांस की काफी तारीफ की और 3-4 लड़कियों ने तो मेरा फ़ोन नंबर भी ले लिया और वायदा किया कि वो मुझ से दुबारा मिलेंगे।

सिनेमा का काम खत्म कर के मैं घर वापस आया और रति को उस के घर भेज दिया, अब मैं अपनी कोठी में अंजलि मैडम का इंतज़ार करने लगा।इससे पहले कि अंजलि मैडम आती, उर्वशी भाभी तेज़ी से कोठी के अंदर आ गई और सीधे मुझको लेकर मेरे वाले बैडरूम में चली गई।

अब मुझको थोड़ा गुस्सा आने लगा था, मैंने एक झटके से भाभी को अपने से अलग किया और कहा- भाभी यह आप क्या कर रही हो? अभी मेरे कॉलेज के प्रोफेसर्स आने वाले हैं, वो क्या सोचेंगे आपके बारे में? आप जल्दी से घर जाओ!भाभी- सॉरी सोमू, वो क्या है अभी रति ने मुझको बताया कि तुमने पिक्चर में कितना अच्छा डांस किया है तो मैं अपने आप को रोक नहीं सकी। क्या एक छोटी सी चुदाई मेरी कर सकते हूँ अभी? प्लीज सोमू, मैं बहुत हॉट हो रही हूँ… प्लीज प्लीज!

मैंने भी अपने लंड को पैंट के बाहर निकाला और भाभी की साड़ी ऊपर करके बेड के सहारे उनको खड़ा करके उनकी गर्म चूत में अपना लंड घुसेड़ दिया और गीली चूत में लंड सर्र से अंदर चला गया पूरा का पूरा।मैंने भी सरपट भागते घोड़े की तरह से भाभी की चुदाई शुरू कर दी और 5-7 मिन्ट में ही भाभी का पानी छूट गया और भाभी अपनी चूत को अपने पेटीकोट से पौंछती हुए एक आखरी चुम्बन मेरे लबों पर देकर जल्दी से कोठी से बाहर निकल गई।

करीब दस मिन्ट बाद ही मैडम भी आ गई और मैंने उनका अच्छी तरह से स्वागत किया।

कहानी जारी रहेगी।support@mohakkisse.com

कहानी पर अपनी प्रतिक्रिया दें (React to Story)

श्रृंखला

कहानी श्रृंखला (STORY SERIES)

मेरा गुप्त जीवन

कुल भाग: 189
भाग 1
भाग 1: पढ़ें
भाग 2
भाग 2: पढ़ें
भाग 3
भाग 3: पढ़ें
भाग 4
भाग 4: पढ़ें
भाग 5
भाग 5: पढ़ें
भाग 6
भाग 6: पढ़ें
भाग 7
भाग 7: पढ़ें
भाग 8
भाग 8: पढ़ें
भाग 9
भाग 9: पढ़ें
भाग 10
भाग 10: पढ़ें
भाग 12
भाग 12: पढ़ें
भाग 13
भाग 13: पढ़ें
भाग 14
भाग 14: पढ़ें
भाग 15
भाग 15: पढ़ें
भाग 16
भाग 16: पढ़ें
भाग 17
भाग 17: पढ़ें
भाग 18
भाग 18: पढ़ें
भाग 19
भाग 19: पढ़ें
भाग 20
भाग 20: पढ़ें
भाग 21
भाग 21: पढ़ें
भाग 22
भाग 22: पढ़ें
भाग 23
भाग 23: पढ़ें
भाग 24
भाग 24: पढ़ें
भाग 25
भाग 25: पढ़ें
भाग 26
भाग 26: पढ़ें
भाग 27
भाग 27: पढ़ें
भाग 28
भाग 28: पढ़ें
भाग 29
भाग 29: पढ़ें
भाग 30
भाग 30: पढ़ें
भाग 31
भाग 31: पढ़ें
भाग 32
भाग 32: पढ़ें
भाग 33
भाग 33: पढ़ें
भाग 34
भाग 34: पढ़ें
भाग 35
भाग 35: पढ़ें
भाग 36
भाग 36: पढ़ें
भाग 37
भाग 37: पढ़ें
भाग 38
भाग 38: पढ़ें
भाग 39
भाग 39: पढ़ें
भाग 40
भाग 40: पढ़ें
भाग 41
भाग 41: पढ़ें
भाग 42
भाग 42: पढ़ें
भाग 43
भाग 43: पढ़ें
भाग 44
भाग 44: पढ़ें
भाग 45
भाग 45: पढ़ें
भाग 46
भाग 46: पढ़ें
भाग 47
भाग 47: पढ़ें
भाग 48
भाग 48: पढ़ें
भाग 49
भाग 49: पढ़ें
भाग 50
भाग 50: पढ़ें
भाग 51
भाग 51: पढ़ें
भाग 52
भाग 52: पढ़ें
भाग 53
भाग 53: पढ़ें
भाग 54
भाग 54: पढ़ें
भाग 55
भाग 55: पढ़ें
भाग 56
भाग 56: पढ़ें
भाग 57
भाग 57: पढ़ें
भाग 58
भाग 58: पढ़ें
भाग 59
भाग 59: पढ़ें
भाग 60
भाग 60: पढ़ें
भाग 61
भाग 61: पढ़ें
भाग 62
भाग 62: पढ़ें
भाग 63
भाग 63: पढ़ें
भाग 64
भाग 64: पढ़ें
भाग 65
भाग 65: पढ़ें
भाग 66
भाग 66: पढ़ें
भाग 67
भाग 67: पढ़ें
भाग 68
भाग 68: पढ़ें
भाग 69
भाग 69: पढ़ें
भाग 70
भाग 70: पढ़ें
भाग 71
भाग 71: पढ़ें
भाग 72
भाग 72: पढ़ें
भाग 73
भाग 73: पढ़ें
भाग 74
भाग 74: पढ़ें
भाग 75
भाग 75: पढ़ें
भाग 76
भाग 76: पढ़ें
भाग 77
भाग 77: पढ़ें
भाग 78
भाग 78: पढ़ें
भाग 79
भाग 79: पढ़ें
भाग 80
भाग 80: पढ़ें
भाग 81
भाग 81: पढ़ें
भाग 82
भाग 82: पढ़ें
भाग 83
भाग 83: पढ़ें
भाग 84
भाग 84: पढ़ें
भाग 85
भाग 85: पढ़ें
भाग 86
भाग 86: पढ़ें
भाग 87
भाग 87: पढ़ें
भाग 88
भाग 88: पढ़ें
भाग 89
भाग 89: पढ़ें
भाग 90
भाग 90: पढ़ें
भाग 91
भाग 91: पढ़ें
भाग 92
भाग 92: पढ़ें
भाग 93
भाग 93: पढ़ें
भाग 94
भाग 94: पढ़ें
भाग 95
भाग 95: पढ़ें
भाग 96
भाग 96: पढ़ें
भाग 97
भाग 97: पढ़ें
भाग 98
भाग 98: पढ़ें
भाग 99
भाग 99: पढ़ें
भाग 100
भाग 100: पढ़ें
भाग 101
भाग 101: पढ़ें
भाग 102
भाग 102: पढ़ें
भाग 103
भाग 103: पढ़ें
भाग 104
भाग 104: पढ़ें
भाग 105
भाग 105: पढ़ें
भाग 106
भाग 106: पढ़ें
भाग 107
भाग 107: पढ़ें
भाग 108
भाग 108: पढ़ें
भाग 109
भाग 109: पढ़ें
भाग 110
भाग 110: पढ़ें
भाग 111
भाग 111: पढ़ें
भाग 112
भाग 112: पढ़ें
भाग 113
भाग 113: पढ़ें
भाग 114
भाग 114: पढ़ें
भाग 115
भाग 115: पढ़ें
भाग 116
भाग 116: पढ़ें
भाग 117
भाग 117: पढ़ें
भाग 118
भाग 118: पढ़ें
भाग 119
भाग 119: पढ़ें
भाग 120
भाग 120: पढ़ें
भाग 121
भाग 121: पढ़ें
भाग 122
भाग 122: पढ़ें
भाग 123
भाग 123: पढ़ें
भाग 124
भाग 124: पढ़ें
भाग 125
भाग 125: पढ़ें
भाग 126
भाग 126: पढ़ें
भाग 127
भाग 127: पढ़ें
भाग 128
भाग 128: पढ़ें
भाग 129
भाग 129: पढ़ें
भाग 130
भाग 130: पढ़ें
भाग 131
भाग 131: पढ़ें
भाग 132
भाग 132: पढ़ें
भाग 133
भाग 133: पढ़ें
भाग 134
भाग 134: पढ़ें
भाग 135
भाग 135: पढ़ें
भाग 136
भाग 136: पढ़ें
भाग 137
भाग 137: पढ़ें
भाग 138
भाग 138: पढ़ें
भाग 139
भाग 139: पढ़ें
भाग 140
भाग 140: पढ़ें
भाग 141
भाग 141: पढ़ें
भाग 142
भाग 142: पढ़ें
भाग 143
भाग 143: पढ़ें
भाग 144
भाग 144: पढ़ें
भाग 145
भाग 145: पढ़ें
भाग 146
भाग 146: पढ़ें
भाग 147
भाग 147: पढ़ें
भाग 148
भाग 148: पढ़ें
भाग 149
भाग 149: पढ़ें
भाग 150
भाग 150: पढ़ें
भाग 151
भाग 151: पढ़ें
भाग 152
भाग 152: पढ़ें
भाग 153
भाग 153: पढ़ें
भाग 154
भाग 154: पढ़ें
भाग 155
भाग 155: पढ़ें
भाग 156
भाग 156: पढ़ें
भाग 157
भाग 157: पढ़ें
भाग 158
भाग 158: पढ़ें
भाग 159
भाग 159: पढ़ें
भाग 160
भाग 160: पढ़ें
भाग 161
भाग 161: पढ़ें
भाग 162
भाग 162: पढ़ें
भाग 163
भाग 163: पढ़ें
भाग 164
भाग 164: पढ़ें
भाग 165
भाग 165: पढ़ें
भाग 166
भाग 166: पढ़ें
भाग 167
भाग 167: पढ़ें
भाग 168
भाग 168: पढ़ें
भाग 169
भाग 169: पढ़ें
भाग 170
भाग 170: पढ़ें
भाग 171
भाग 171: पढ़ें
भाग 172
भाग 172: पढ़ें
भाग 173
भाग 173: पढ़ें
भाग 174
भाग 174: पढ़ें
भाग 175
भाग 175: पढ़ें
भाग 176
भाग 176: पढ़ें
भाग 177
भाग 177: पढ़ें
भाग 178
भाग 178: पढ़ें
भाग 179
भाग 179: पढ़ें
भाग 180
भाग 180: पढ़ें
भाग 181
भाग 181: पढ़ें
भाग 182
भाग 182: पढ़ें
भाग 183
भाग 183: पढ़ें
भाग 184
भाग 184: पढ़ें
भाग 185
भाग 185: पढ़ें
भाग 186
भाग 186: पढ़ें
भाग 187
भाग 187: पढ़ें
भाग 188
भाग 188: पढ़ें
भाग 189
भाग 189: पढ़ें
भाग 190
भाग 190: पढ़ें
यह एक बहु-भाग कहानी है। अपनी पसंदीदा कड़ी पर जाने के लिए ऊपर क्लिक करें।

इसी श्रेणी से अन्य कहानियाँ

Padosan Bhabhi Ko Jamkar Thoka – Part II
भाभी की चुदाई

Padosan Bhabhi Ko Jamkar Thoka – Part II

Yeh meri story ka dusra part hai so please agar pasand aye toh comment karna… My id is support@mohakkisse.com ; support@mohakkisse.com

12 मिनट 1,246
Medical Store Wali Bhabhi Ko Choda – Part II
भाभी की चुदाई

Medical Store Wali Bhabhi Ko Choda – Part II

Hello friends, main kinjal (boy) from baroda, gujarat aap sab ne meri story ko achha response diya jiska main aap sab ko thank you kehna chahta hoon aur main hazir hoon fir apni isi kahani ka dusra part leke to aap sab ko jada bor na karte hue mai...

8 मिनट 591
नीम्बू का अचार
भाभी की चुदाई

नीम्बू का अचार

मेरा नाम अंकित शर्मा है, मैं 22 साल का गोरा, स्मार्ट दिखने वाला लड़का हूँ। मैं मूल रूप से इंदौर का रहने वाला हूँ लेकिन फिलहाल नोएडा में अकेला रह रहा हूँ।

27 मिनट 859

पाठकों की राय

0 टिप्पणियां
इस कहानी पर अभी तक कोई टिप्पणी नहीं है। पहली टिप्पणी करें!
🔒 सुरक्षा कारणों से कॉपी करने की अनुमति नहीं है।