होम पर वापस जाएं
Hindi Chudai Kahani पठन समय: 18 मिनट पढ़ा गया: 1,114 बार

Roopa Bhabhi Ka Husan Bhog

kdev01102

10 Jan 2021 को प्रकाशित

Roopa Bhabhi Ka Husan Bhog
कहानी सुनें

ऑडियो प्लेयर (Play Audio)

स्वर: लोड हो रहा है...

0:00
0:00

नमस्कार दोस्तों, कैसे हो आप? मेरा नाम देव कुमार है. मैं देसी कहानी का नियमित पाठक हूँ.

मैं जयपुर का रहने वाला हूँ.मैं एक युवा रोमांटिक लड़का हूं. मेरी उम्र 26 साल की है. और मेरे लिंग का आकार 7 इंच लंबा और 1 इंच मोटा है.

दोस्तों ये चूत भी क्या चीज बनाई है भगवान् ने… ये चूत एक जन्नत है एक दरिया है जिसमे ही जीना है. जिंदगी भी अनेक मोड़ लाती है. चूत और लंड को ये ही मिलती है.मै सभी भाभियो चाचियों और लड़कियो को खड़े लंड से प्रणाम करता हूँ और सभी लंड धारी भाइयो को खड़े लंड से नमस्कार.

ये कहानी मेरी और मेरे पड़ोस में रहने वाली भाभी की है. भाभी का बारे में बताऊ तो वो एक काम देवी है. उसके बूब्स उठी हुई गांड जो भी देखे देखता ही रहे जाए और भगवान से प्रार्थना करे की ये सुंदरी अभी मिल जाए और इसके चुचे चूस लू, गांड में लण्ड डाल दू. देखने में भाभी का रंग गोरा चिटा बिलकुल चिकनी आहहह! भाभी का नाम रूपा है.

पड़ोस में रहने के कारण उनके यहाँ आना जाना तो था ही और अच्छी जान पहचान भी है. पडोसी ही तो पडोसी के काम आता है दोस्तों.

जब भी भाभी से मिलता हसी मजाक चलता रहता था कभी कभार तो नॉनवेज मजाक भी हो जाता था. हसी मजाक में कभी कभी भाभी को छू भी लेता था वो भी छू लेती थी मतलब देवर भाभी का रिश्ता कैसा होता है, ये तो आप सब जानते ही हो.उनसे जब भी मिलता बस मन में एक ही कामना होती की काश भाभी को चुम लू बाहो में भर लू और ले चलु कही इस दुनिया से दूर जहा मैऔर भाभी हो और उनके हुस्न का भोग करू.

इनके चूतड़ को चुमू चुत को चुसू चुत का रस पिऊ उसका गरम नमकीन पानी मतलब चुत का मूत पिऊ, उनके चुचे दबाऊं उनको चूस चूस के पूरा खा जाऊ, बस पूरा समां जाऊ भाभी में.

दोस्तों वो कहते है ना की भगवान के घर देर है अंधेर नहीं, ऐसे ही एक बार वो मौका मुझे मिला भाभी का चोदने का उनका चुत रस पिने का.

एक बार किसी कारण मेरे पैरंट्स को नानी का यहाँ जाना था. मेरी एग्जाम होने के कारण में नहीं गया घर में अकेला ही था तो मम्मी ने पडोसी भाभी को मेरे एग्जाम होने के कारण खाना बनाकर देने के लिए बोल गई थी.

मै दिन भर पढाई करता रहा शाम को भाभी खाना बनाने के लिए आई तो मै उन्हे देखता ही रह गया. उनके लिप्स, उठे हुए चुचे, लाल रंग की साडी में बिलकुल क़यामत ढा रही थी. जब उन्होंने बोला की देवरजी क्या हुआ? कहा खो गए? तब मुझे होश आया और बोला की भाभी आप बहुत ही सुन्दर लग रही हो और आँख मार दी.

भाभी- हु रहने दो अकेले तो तो फ़्लर्ट कर रहे हो, आंटी को आने दो, और हसने लगी.

मैं- नहीं रियली आप लाल रंग की साडी मे अप्सरा लग रही हो भाभीजी.

भाभीजी – रहने दो आप तो ये बताओ की क्या खाना है?

मै – जो भी आप प्यार से खिलाओ हम तो खा लेंगे. वैसे अभी तो दूध पिने की इच्छा है और फिर से आँख मार दी.

भाभी – अच्छा जी…. बड़ी मस्ती आ रही है आज …. और अपने चुचे ऊपर करती हुई,मुस्कराती हुई किचन मे चली गई.

मै पीछे से रूपा भाभी के मटकते हुए चूतड़ देख,लण्ड खड़ा हो गया तुरंत बाथरूम मे गया और मुठ मार कर बाहर आ गया.थोड़ी देर मे भाभी ने खाना बना दिया और कहा की देवरजी खाना खा लो.

मैंने कहा आप भी मेरे साथ खा लो, तो उन्होंने थोड़ा खाना खाया और कहा की बाकी मै घर जाकर खाउंगी अभी आपके जितना ही बनाया है आप भूखे रह जाओगे …तो मुझे दूध पिलाना पड़ेगा और हॅसने लगी.

मै – तो क्या हुआ पीला दो ना भाभीजी.

भाभी- क्यों देवरजी कोई गर्ल फ्रेंड नहीं है क्या?

मै- है, पर आप जैसे चुचे उसके कहा भाभीजी.

भाभी – हॅसते हुए,ये तो आपके भैया के झूठे है कही और मुँह मारो और कल के एग्जाम की तैयारी करो फिर देखते है, और आँख मारते हुए चली गयी.

दोस्तों मै उस दिन तो एग्जाम के चक्कर मे सो गया और दूसरे दिन मॉर्निंग मे घर की चाबी रूपा भाभी को देकर एग्जाम देने चला गया.

दोपहर मे आकर भाभी क घर की घंटी बजाई, पर किसी ने दरवाजा नहीं खोला शायद घर पर कोई नहीं था.मै अपने घर की और आया तो देखा दरवाजे का लॉक खुला है. मतलब भाभी खाना बनाने के लिए आई हुई है.

मैंने डोर बेल बजाई,तो भाभी ने दरवाजा खोला और आज भी मै उन्हें देखता ही रह गया,लाल रंग के सलवार सूटमे बड़ी ही सेक्सी लग रही थी उनकी होठो पर एक नशीली मुस्कान थी.

भाभी- देवरजी ज्यादा मत देखो नजर लगा ओगे…. आपका देखो पेण्ट मे तम्बू खड़ा हो रहा है…. और हाथ से उन्होंने मेरे तम्बू को टच कर लिया और अंदर चली गयी.

मै भी डोर बंद कर के भाभीजी के पीछे पीछे अंदर आ गया.

और पीछे से जाकर भाभी के चिपक गया और कहा भाभी प्लीज आज तो मेरी मन्नत पूरी कर दो मुझे अपने दूध पीला दो.

भाभी – देवरजी आप भी ना देखा पीछे मेरे चूतड़ मे आपका लण्ड घुसे जा रहा है… इसे तो काबू मे रखो चूतड़ मे दूध थोड़े ही ना है मेरे राजा… और पीछे हाथ करके मेरे लण्ड को पैंट के ऊपर से ही पकड़ कर सहला दिया.

इससे मेरी हिम्मत बढ़ गयी और भाभी को घुमा कर उनके होठो को चूमने लग गया साथ मे कुर्ते के ऊपर से उनके बोबे दबाने लग गया. भाभी भी पूरा साथ देने लगी.उससे ऐसा लग रहा था की भाभी भी सेक्स के लिए प्यासी है.

मैं भाभी के हॉट 10 मिनट तक चूसता रहा उनके मुंह में कभी में जीभ डालता और कभी भाभी मेरे मुंह में जीभ डालती.

साथ में मैं भाभी के चूतड़ भी दबा और सहला रहा था. बहुत ही मजा आ रहा था. भाभी के चूतड़ पर बीच बीच में थपड भी मार रहा था.

जब मैंने अपना हाथ आगे करके सलवार के ऊपर से ही भाभी की चुत को सहलाया तो पता चला कि उनका सलवार चुत की जगह पर पूरा गीला हो रहा है. मैंने उसमें हाथ पूरा गीला करके सुंघा तो क्या गजब की खुशबू आ रही थी.

भाभी की भोसड़ी का रस बिल्कुल खट्टा और नमकीन सा फील हो रहा था. भाभी भी बहुत उत्तेजित और कामुक हो रही थी. भाभी का जिस्म बहुत ही अकड़ रहा था, फिर मैं और भाभी अपने शयन कक्ष में गए वहां जाकर मैंने भाभी का कुर्ता और सलवार खोल दिया.

भाभी ने सफेद कलर की ब्रा और सफेद कलर की ही पैंटी पहन रखी थी. रूपा भाभी का हुस्न देख कर मैं बहुत ही ज्यादा उत्तेजित हो गया.

मेरी सांसे ऊपर नीचे होने लग गई उनके चूतड़ बहुत ही उठे हुए थे उनकी चड्डी बोले तो पेंटी पर उनकी चुत का उभर दिख रहा था.

मैंने देर ना करते हुए उनकी पेंटी के ऊपरसे ही उनकी चुत पर अपना मुंह रख दिया और उनकी चुत के रस से भीगी हुई पेंटी को चूसने लगा साथ ही उनके चूत और चूतड़ की खुशबू लेने लगा.

भाभी आह ह्म्म्म अह्ह्ह्ह करने लग गयी और बोली अबे मादर्चोद बहन के लोडे रंडी की औलाद चूसेगा ही मेरी चुत का या इसका बेंड भी बजाएगा.साले हरामी लोडे को भी निकल बाहर देखु कितना दम है इसमें और न तड़पा मेरे राजा प्लीज मुझे चोद दे मेरी चुत में अपना लंड पेल दे.

यह भी पढ़ें (Recommended)

Nayi Dagar, Naye Humsafar – Part 24

मै- साली रंडी बड़ी हवस पैदा हो रही है तेरे. थोड़ी देर और रुक रूपा रांड मुझे तेरे हुस्न को भोगना है इस हुस्न का गुलाम बनना है.पहले मुझे तेरी ये गांड मारनी है मेरे रूपा भाभी.

और मैंने झटके से भाभी की ब्रा को खींच दिया जिससे वो फटकर मेरे हाथ में आ गयी. उनके क्या मखमली बोबे थे में उनपे भूखे शेर की तरह लपक पड़ा और चूसने लगा साथ में काटने लगा.भाभी और ज्यादा उत्तेजित हो गयी और सिसकारियां लेने लगी.साथ ही साथ गालिया भी देने लगे.

मादर चोद, भड़वे की नसल तेरी माँ को कुतो से चुद वाउ. चूस काट मेरे बोबे निकाल इनका रस.पी ले इनको बड़ा ही दूध पिने का मन था.

भाभी ने मुझे पीछे धका दिया और मुझे नंगा कर दिया तुरंत मेरे लोड़े को पकड़ा और मुंह में भर कर चूसने लगी जैसे कि आप ब्लू फिल्म में देखते हैं भाभी मेरे लोड़े को ऐसे चाट रही थी कि वह अभी इसको काट के खा जाएगी. मै भी उत्तेजित होकर उनके गले तक पूरा लोडाडालकर उनकी सांस को रोक दिया.

फिर लंड को बाहर निकाला तो उसके साथ भाभी की लार भी बाहर आई उसको में भाभी के मुँहके मुँह लगाकर पूरा चाट गया.उनके पुरे शरीर को कुत्ते की तरह चाटने लगा.

भाभी – चाट साले कुत्ते चाट, आह आह उह उह..

ऐसे चाटते चाटते मै उनकी पेंटी को उतार दिया, दोस्तों भाभी भी चुदने के लिए अपनी फुल्ली हुई पाँव सी चुत को बिलकुल सेव सफाचट चिकनी करके आई थी.जैसे ही मैंने अपनी जीभ भाभी की चुत पर लगाकर चाटने लगा.

२ से ३ मिनट में ही भाभी की चुत से अमृत रूपी रस की धार चलने लगी, मै उस अमृत रूपी नमकीन रस को पूरा गटक गया, साथ ही थोड़ा सा मुँह में भरकर रूपा रांड के मुँह में डालदिया वो भी पूरा होटोपर जीभ फेरते हुए पूरा निगल गयी और मेरे मुँह को चाट कर अपनी चुत का पूरा रस साफ़ कर दिया.

मै – भाभी पहले मुझे आपकी गांड मारनी है, आपकी गांड बहुत ही सुन्दर है इसका छला बहुत ही चिकना है मस्त लग रहा है क्या लगाती हो आप अपनी गांड के छेद में, मेरी रूपा भाभी.

भाभी- चल साले लोडे हरामखोर सबको मेरी गांड ही नजर आती है, तेरे भाई ने मेरी गांड मार मार के ही इसे ऐसा बना दिया, वो भी साला गांडू है गांड के चक्कर में मेरी झुमरी तलैया, मेरी मुन्नी, मेरी भोसड़ी प्यासी ही रह जाती है. मादर चोद भड़वे पहले इस सुलगती भट्टी में अपना लोडा डाल कर इसे शांत कर दे फिर चाहे गांड मार या गांड चाट. चल पहले मै मूत के आती हु मेरे कुत्ते.तूने चाट चूस कर एक बार तो इसको पूरा निचोड़ लिया देखो मेरी भोसड़ी कैसे लाल है रही है और हॅसने लगी.

मैंने भाभी को वही पकड़ लिया और कहा कि भाभी आप यही मेरे मुंह में मुतो मै आपकी इस चुत का मूत पीना चाहता हूं. भाभी मुझे अपना गुलाम बना लो मैं आपकी रोज सेवा करूंगा मैं आपकी गांड और चुत को अच्छे से मालिश करके बढ़िया चमका कर रखूँगा. आप की चुत को कभी भी प्यासी नहीं रहने दूंगा. आप कहोगे तो मैं पानी की जगह सिर्फ और सिर्फ आपकी चुत का मूत ही पी लूंगा भाभी मुझे आप अपनी चुत की छत्तरछांव में रख लो. और मै मुँह खोल कर निचे लेट गया.

भाभी चुत्तड मेरे मुँह पर चुत टिका कर बैठ गयी. और मूतने लगी साथ ही गाली देते हुए बोलने लगी की ले कर अपने मन की मुराद पूरी साले गटर के कीड़े तू कहे तो मूत क्या तुझे मेरी गांड और इसका छेद अच्छा लगता है ना तो इस छेद में से निकलने वाला गु भी खा ले फिर हरामी. इतनी हवस भरी है.

मै भाभी का पूरा गरम गरम मूत पी गया और चुत और चूतड़ को लेटे लेटे ही चाटने लगा. और भाभी से कहा – साली रूपा,रांड तू है ही इतनी कामुक की कोई भी तुझे देखकर हवसी हो जाए.

और मैंने उनकी गांड के छेद को काट लिया भाभी की सिसकारी नकल गयी और तुरंत 69 की अवस्था में आ गयी.५ मिनट में ही भाभी अकड़ने लगी और जोर जोर से अपनी चुत मेरे मुँह पे पटकते हुए लंड को चूसते हुए काटने लगी. दुबारा भाभी की चुत से लावा फुट पड़ा उसको में फिर पूरा पी गया.

लेकिन इतनी देर की लंड चुसाईसे मै भी भाभी के मुँह में ही झड़गया भाभी मेरे लंड का पूरा माल खा गयी और लंड को चाट कर साफ़ कर गयी.

हम दोनों 10 उसी अवस्था में पड़े रहे.

फिर अचानक रूपा ने मेरे सोये हुए शेर को दुबारा मुँह में भरकर जोर से काटा और बोली अभी तो तुझे मेरी फुद्दी में गोता मारना है,इसका भोसड़ा बनानाहै. और मेरे लंड को चूस कर दुबारा खड़ा कर दिया.

फिर हम दोनों उठे मैंने भाभी को बेड पर लेटाकर उनके दोनों पैर अपने कंधे पर रखकर चुत पर लंड को रगड़ने लगा,जिससे भाभी ओर उत्तेजित हो गयी ओर बोली मादर चोद अब चोद डाल फाड़ दे मेरी चुत को बना ले इसे अपने लंड की रानी.

मैंने सही निशाना सेट किया ओर जोर से एक ही झटके में आधा लंड ही चुत में पेला था का भाभी की जोर से चीख निकल गयी.

भाभी- बहन के लोडे में कही भागी थोड़े ना जा रही हु थोड़ा आराम से पेल तुझे कहा तो है मैंने की मेरी चुत कम और गांड ज्यादा मारी गयी है. थोड़ा आराम से पेल इसको.

मै थोड़ा रुका और भाभी के होठो को किस करते हुए धीरे धीरे आगे पीछे अपने लोडे को फुद्दी में हिलाने लगा और थोड़ी देर में बड़े आराम से भाभी की चुत में जड़ तक लंड को ठोक दिया.

भाभी सही कह रही थे क्योकि उनकी चुत टाइट थी जिससे साफ़ पता लग रहा था की बेचारी की चुत कम और गांड मराई ज्यादा होती है.

भाभी भी मेरे पूरा साथ देने लगी.आह आह आह उह उह गच गच की आवाजे कमरे में गूंजने लगी. दोनों पसीने में तर है गए.

भाभी- चोद आह, चोद, फाड़ रगड़ इस निगोड़ी चुत को. जोर जोर से मार मेरी चुत बना दे इसे भोसड़ा, मुझे बना दे रांड मेरे राजा. मुझे चुदवा दे गली के कुत्तो से, गधो से, आह आह बना ले मुझे अपने.

मैं 27 मिनट तक रूपा को एक ही पोज़ में चोदता रहा. इतने में वो 2 बार ओर झड़ गयी.मैंने भाभी से पूछा – मेरी रूपा रांड, साली छिनाल, मेरा भी निकलने वाला है बोल कहा निकालू.

भाभी- आह उह मेरे राजा मेरे लोडे, मेरी मुनिया, चुत में ही निकाल दे पूरा माल, भुझा दे इसकी भी प्यास.

मै भी जोर जोर से शॉट मारते हुए भाभी की चुत में ही झड़ गया, और उन्ही के ऊपर गिर गया.थोड़ी देर बाद मै भाभी के ऊपर से उठा और उनकी चुत की और देखा तो वो लाल होकर सूज गयी थी.

मैंने उनकी चुत को किस किया और लंड और चुत के पानी के मिश्रण को भाभी की बहती चुत से अपने मुँह में भरकर भाभी के मुँह में डाल दिया.

वो उसे पूरा का पूरा पी गयी और मुझे गले से लगा कर बोली की आज मै बहुत खुश हूँ मुझे जन्नत मिल गयी. अब, मुझे जब भी मौका मिले चोदते रहना.

फिर भाभी उठी और बाथरूम की ओर जाने लगी तो मैंने देखा उनकी जांगे कापं रही है और वो थोड़ा लड़खड़ाकर चल रही है. मै भी उनके पीछे बाथरूम में गया दोनों ने साथ में शावर लिया. और साथ में खाना खाया. तब तक शाम के 4 बज चुके थे.

भाभी – सुन मेरे राजा मै चलती हूँ मेरी सांस आने वाली होगी बाजार से. और वो अपने घर चली गयी.

उन 3 दिनों में मैंने भाभी की गांड भी मारी.और अच्छा चुदाई का दौर चला. मै अब जब कभी भी मौका मिलता है भाभी की चुदाई करता हूँ.

उनका गुलाम बनकर, कभी सेवक बनकर, कुत्ता बनकर. और जब भी मै चुदाई करता हूँ भाभी की चुत का गोल्डन रस, मूत जरूर पीता हूँ अब तो भाभी भी लंड का मूत पिने की आदि हो गयी उनको भी इसमें मजा आता है.

दोस्तों ये थी मेरी आप बीती. आप लोगो को कैसी लगी, अपने सुझाव एवं राय मुझे अवश्य भेजे. जिससे में प्रेरित होकर आप लोगो के लिए ओर नयी कहानी लिख सकू.

support@mohakkisse.com

कहानी पर अपनी प्रतिक्रिया दें (React to Story)

इसी श्रेणी से अन्य कहानियाँ

Nayi Dagar, Naye Humsafar – Part 24
Hindi Chudai Kahani

Nayi Dagar, Naye Humsafar – Part 24

राहुल से धोखा खाने के बाद मुझे अब जैक के साथ बहुत सुकून मिल रहा था रहा था। हमने एक दूसरे के होंठो पर चूमना शुरू कर दिया। इतने दिनों बाद उसके हलके गुलाबी पतले कोमल होंठो को चुम कर बहुत अच्छा लगा।

15 मिनट 679
बदचलन बीवी-1(Badchalan biwi-1)
Hindi Chudai Kahani

बदचलन बीवी-1(Badchalan biwi-1)

मेरी बीवी ज्योति बहुत सीधी भी है, और एक नंबर की चदक्कड़ भी है, यह तो मुझे पता है। शादी के बाद तीन लोगों से चुदते हुए तो मैंने देखा है। लेकिन उसके रंडी-पने की असली कहानी मुझे दो दिन पहले पता चली, जब मुझे मेरी सोसाइटी के नीचे मेरा जानने वाला मिला।

8 मिनट 558
पड़ोसन बनी दुल्हन-33
Hindi Chudai Kahani

पड़ोसन बनी दुल्हन-33

पता नहीं यह अजीबोगरीब ख़याल मेरे मन में क्यों आया। मेरे मन में ख़याल आया की कभी ना कभी मैं टीना या सुषमा को मेरे सामने किसी और मर्द या फिर सेठी साहब से ही चुदवा कर देखूं। पर सेठी साहब के साथ में ऐसा करना तो संभव ही नहीं था क्यूंकि एक बार जिसे सेठी स...

14 मिनट 677

पाठकों की राय

0 टिप्पणियां
इस कहानी पर अभी तक कोई टिप्पणी नहीं है। पहली टिप्पणी करें!
🔒 सुरक्षा कारणों से कॉपी करने की अनुमति नहीं है।