नौकर-नौकरानी
कामुक, बोल्ड और रोमांचक हिंदी कहानियों का बेहतरीन संग्रह।
सोने का नाटक
मैं अपनी पहली कहानी लिख रहा हूँ, उम्मीद है आप सब को पसंद आएगी।
मराठी सेक्स कहानी, हिंदी में अनुवाद
इस कहानी का हिंदी अनुवाद नीचे है.
मदमस्त नौकरानी की चूत का चोदन
मेरे प्यारे दोस्तो, मैंने अपनी मदमस्त नौकरानी की चूत का चोदन किया… किस तरह मैंने उसे चोदा, आइए जानते हैं.
दूध में भांग मिला के नौकरानी के साथ सेक्स
मैं आपको ऐसी मस्त सेक्स कहानी सुनाने वाला हूँ, जिसे आप सुनकर काफी आनंदित हो जाएंगे. यह कहानी काफी मजेदार है, साथ ही रोमांचक भी है. आप भी काफी सावधानी से ऐसा करके किसी के साथ इस प्रकार का सेक्स कर सकते हैं.
सेक्सी ब्लू फिल्म दिखा कर काम वाली को चोदा
मैं पहली बार कहानी लिख़ रहा हूँ जो गलती हो माफ़ कीजिएगा।बात तब की है जब मेरी मम्मी का ऑपरेशन हुआ था तो घर का काम करने के लिये कामवाली लगाई गई। लगभग 35 साल की सिंपल सी दिखने वाली गोरी और मस्त नाम ममता था। एक बार लगाई तो वो लगी ही रही.
जब चोदन चिंगारी कोई भड़के
प्रेषक : देवव्रत
आंटी के घर में नौकरानी की चूत चुदाई-2
अब तक आपने पढ़ा..आंटी के घर पर एक नौकरानी सुषमा एक ग़दर माल थी उसको मैंने पटा लिया था।अब आगे..
आंटी के घर में नौकरानी की चूत चुदाई-1
हैलो साथियो.. मेरा नाम रोहन (बदला हुआ) है, पंजाब के जालंधर शहर में रहता हूँ, मैंने अभी ग्रॅजुयेशन कंप्लीट की है और जॉब ढूँढ रहा हूँ।मेरा रंग गोरा है.. मेरी बॉडी स्लिम है।
रानी के साथ एक रात
कई सालों के बाद मैं अपने मामा के पास गया था। मेरे मामा एक दबंग ठेकेदार थे और पूरे इलाके में उनकी बहुत धाक थी, 50 साल पार करने के बाद, भी उनके पहलवान शरीर पर बुढ़ापे के कोई लक्ष्ण नहीं थे। मामा की हवेली की शान देखते ही बनती थी। इकलौता भांजा होने की ...
अनचुदी जवान चुदासी नौकरानी-2
उसने जो कहा.. उसे सुन कर लगा आज कुंवारी चूत मारने का मौका मिल गया है।
अनचुदी जवान चुदासी नौकरानी-1
हैलो दोस्तो.. आप सभी को मेरा प्यार भरा नमस्कार।मेरा नाम राज है.. सामान्य कद काठी और रंग थोड़ा सांवला है। मेरे लण्ड का साइज 7″ है और मेरी उम्र 25 वर्ष है। मेरे घर में मेरे मम्मी-पापा और मेरा भाई हैं।
घरेलू नौकरानी की चूत चुदाई का मौका
मैं उस वक्त पढ़ता था, मेरी हाइट अच्छी हो गई थी और फुटबाल खेलने से शरीर मजबूत हो गया था। मैं हर काम दिल लगाकर करता.. पर लड़की देखते ही पैंट फूल जाती थी। इस तरफ से कितना भी ध्यान हटाता, लेकिन मेरा मन शांत नहीं होता था।जब भी मैं कहीं जा रहा होता.. और ऐ...