Hindi Chudai Kahani
कामुक, बोल्ड और रोमांचक हिंदी कहानियों का बेहतरीन संग्रह।
Drishyam, ek chudai ki kahani-25
हेल्लो, अब आगे की हिन्दी सेक्स कहानी पढ़िए और मजे लीजिये!
Drishyam, ek chudai ki kahani-24
दृश्यम द्वितीय चरण:
Drishyam, ek chudai ki kahani-23
दूसरे दिन सुबह!
Drishyam, ek chudai ki kahani-22
कुछ देर बाद सिम्मी ने एक छोटा सा तौलिया लिया और अपनी चूत के अंदर डाल कर सफाई की और जाँघों को पोंछा।
Drishyam, ek chudai ki kahani-21
कालिया ने एक हल्का धक्का मार कर सिम्मी की गीली चिकनी चूत में अपना लण्ड थोड़ा सा घुसेड़ा। सिम्मी इस बार तैयार थी। सिम्मी ने कालिया की और देख कर कुछ मुस्कुरा कर इशारा किया की वह लण्ड को और घुसाए।
Drishyam, ek chudai ki kahani-20
काफी देर तक चिपके रह कर एकदूसरे के मुंह में अपनी लार दे कर और एक दूसरे की जीभ चूसकर आखिर में दोनों अलग हुए।
Drishyam, ek chudai ki kahani-19
कालिया ने अपने ऊपर संयम रख कर अपने उन्माद को शांत करने की कोशिश की। सिम्मी कालिया के लण्ड को धीरे धीरे चूसने में लग गयी।
Drishyam, ek chudai ki kahani-18
पिछली बार जब कालिया ने सिम्मी की चुदाई की थी उस बात को एक महीने से भी ज्यादा समय हो चुका था। सिम्मी को तबसे ही अपनी जाँघों के बिच में ऐसी तरवराहट होती रहती थी जो एक युवा किशोरी को इस उम्र में अक्सर होती है।
Drishyam, ek chudai ki kahani-17
जैसे ही अर्जुन वहाँ से निकला की सिम्मी ने कमरे का दरवाजा बंद किया और आ कर कालिया के सामने खड़ी हो गयी। सिम्मी की आँखों में अब कालिया से कोई भय नहीं था। वह कालिया को कुछ तरस भरी निगाहों से देख रही थी। अब कालिया था की वह सिम्मी की और ऐसे देख रहा था ज...
Drishyam, ek chudai ki kahani-16
कुछ देर बाद अर्जुन को दरवाजे पर दस्तक सुनाई दी। जब उसने दरवाजा खोला तो सिम्मी को वहाँ खड़ा पाया।
Drishyam, ek chudai ki kahani-15
अर्जुन भी दीदी का हाथ पकड़ कर सिम्मी को घर ले आया और दीदी पर गुस्सा करने लगा। अर्जुन ने दीदी को डाँटते हुए कहा, “दीदी तुम्हें कालिया से उलझने की क्या जरुरत थी? क्या तुम जानती नहीं की कालिया एक छटा हुआ बदमाश है? कालिया तुम्हें भी चाकू मार सकता था। म...
Gaytri ki jawani-2
Unka mujhe bahar le jaana ab aam ho chuka tha. Shaadi me 1 hafta reh gaya tha. Uss din wo mujhe bahar le gaye red saree pehna kar. Usme me kaafi jawan madak lag rahi thi. Mera doodh jesa gora mualayum pet pura dikh rha tha. Mera deep blouse bhi me...