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भाभी की चुदाई पठन समय: 6 मिनट पढ़ा गया: 225 बार

सेक्स चैट के बाद पड़ोसन भाभी की चुदाई

रवि पंडित

03 May 2023 को प्रकाशित

सेक्स चैट के बाद पड़ोसन भाभी की चुदाई
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मेरा नाम रवि है, मैं आज आप लोगों के सामने एक सेक्स स्टोरी लेकर आया हूँ। मुझे उम्मीद है कि यह आपको जरूर पसंद आएगी।

मैं मुम्बई में एक सरकारी विभाग में काम करता हूँ। हमारे यहाँ कार्यरत सभी लोगों को रहने के लिए सरकारी मकान ही मुहैया कराये गए हैं। मैं भी अपने परिवार के साथ वहीं रहता हूँ।

मूलतः मैं दिल्ली का रहने वाला हूँ, मेरा कद 6 फ़ीट 2 इंच का है और मैं देखने में गोरा हूँ।

स्कूल के ज़माने से ही मेरा बहुत लड़कियों से चक्कर रहा था और मैंने सबकी चूत का आनन्द भी लिया था। मेरा लंड लंबा और मोटा है।

परिवार में मैं अपनी बीवी के साथ बहुत खुश हूँ, पर पता नहीं क्यों.. एक बार मेरा मन हमारे पड़ोस में रहने वाली भाभी पर आ गया।मैं जब भी सुबह काम के लिए निकलता तो वो हमेशा अपनी बालकनी से मुझे देख कर हँसती और मैं भी बदले में एक स्माइल दे देता, कभी-कभी शाम के समय उससे बात भी हो जाती थी।

धीरे-धीरे मैं उससे बात करने लगा और उसका फिगर अपनी आँखों में बसाने लगा। क्या माल थी वो.. उसका 34-28-34 का फिगर, नशीली आँखें, गुलाबी होंठ और मटकती गांड मेरा लंड खड़ा कर देती थी।

मैंने उससे नजदीकियां बनानी शुरू की और उसके छोटे-मोटे कामों के बहाने उससे बात करना शुरू किया और धीरे-धीरे अपना नंबर उसको दे प्रिया। उसके बाद हम व्हाटसैप पर भी बात करने लगे और फोटोज शेयर करने लगे।

इस तरह धीरे-धीरे मैंने उसको अपने जाल में फंसा लिया।

आखिर वो दिन आ ही गया, जब हम दोनों एक-दूसरे के पार्टनर्स को पता लगे बगैर फ़ोन पर सेक्स चैट करने लगे। अब हमें मौके की तलाश थी, जो एक दिन पूरी हो ही गई।

उसके पति के ऑफिस जाने के बाद उसने मुझे अपने घर बुला लिया और जैसे ही उसने दरवाज़ा खोला, हम दोनों एक-दूसरे से चिपक गए। उसकी बड़ी-बड़ी चूचियाँ मेरी छाती से चिपकी थीं और उसके दोनों हाथ मेरी कमर को कसके पकड़े हुए थे। मैं अपने हाथों को उसकी मोटी गांड पर फिराने लगा और उसका लोअर उतार प्रिया।

जल्द ही बिस्तर पर वो मेरे नीचे और मैं उसके ऊपर था। हम दोनों एक-दूसरे को जोर-जोर से रगड़ रहे थे और न जाने कब मैंने उसकी टी-शर्ट उतार दी। उसकी ब्रा को ऊपर करके मैं उसकी चुची को जोर-जोर से चूमने और निप्पल को काटने लगा।

हम दोनों मदहोश हुए जा रहे थे। फिर उसने भी मेरी टी-शर्ट उतार दी। मैंने उसकी ब्रा के हुक खोल कर उसकी चुची को आज़ाद कर प्रिया और अब हम दोनों की नंगी छातियां एक-दूसरे में गजब की गर्मी पैदा कर रही थीं।

धीरे से मैंने उसके लोअर और उसने मेरे लोअर को उतार प्रिया। अब हम दोनों सिर्फ अंडरवियर में ही रह गए, लेकिन पता नहीं.. हम दोनों में क्या गर्मी चढ़ी थी कि हम बेतहाशा एक-दूसरे को रगड़ रहे थे।

मैं उसकी गर्दन पर काटता, तो कभी कान के निचले हिस्से को और साथ ही मेरे दोनों हाथ उसके चूचों को बुरी तरह से निचोड़ रहे थे।

आखिर मैंने उसकी पेंटी उतार दी और अपना अंडरवियर भी निकाल प्रिया। मैंने उसको उल्टा कर प्रिया तथा अपना लंड उसकी गांड में रगड़ने लगा।

मेरी चूमने की इच्छा भर ही नहीं रही थी, सो उसके बालों को हटा कर उसकी पीठ पर किस करने लगा। जैसे ही मैं उसकी पीठ पर किस करता.. वो अकड़ जाती और अपनी गांड उठाने लगती।

मैंने बहुत देर तक उसको पीछे से भी गर्म किया और तड़पाया और फिर सीधा लिटाकर उसकी चुची को अपने मुँह में भर के चूसने लगा।

जब मैं अपनी बीवी को चोदता हूँ, तो वो थोड़ी मादक आवाजें निकालती है ‘उम्म्ह… अहह… हय… याह…’ पर इसने कोई आवाज़ नहीं निकाली, सिर्फ ‘आह.. आह..’ और अजीब सी मस्ती आँखों में लाती रही।

उसके बाद मैंने उससे अपना लंड डालने के लिए पूछा, तो भी उसने सिर्फ गर्दन से इशारा करके ‘हाँ’ कह प्रिया। चूत तो उसकी गीली थी ही, बस मैंने अपना लंड उसकी चूत के मुँह पर रख कर रगड़ना शुरू किया और हल्का सा सुपारा फंसा कर लंड को उसकी चूत के अन्दर पेल प्रिया। उसको ज्यादा दर्द नहीं हुआ.. क्योंकि रोज तो वो अपने पति से चुदवाती ही थी और चूत उसकी गीली हो चुकी थी।

अब लंड अन्दर जाने के बाद मैंने उसके होंठों को चूसना शुरू किया और साथ ही मम्मों को अपने हाथों से दबाना भी चालू कर प्रिया। धीरे-धीरे चुदाई में गर्मी आने लगी और मेरे धक्कों की रफ़्तार भी बढ़ने लगी। वो आँखें बंद करे और अपने होंठों को रसपान करते हुए चुदवाए जा रही थी।

एक बार बीच में सिर्फ उसने कहा- और जोर से..

तो मैं भी जोर से चोदने लगा और वो भी नीचे से गांड उठा कर मेरा साथ देने लगी।

अब मैंने उसे उल्टा लिटाया और मैं उसकी गांड के ऊपर बैठ गया और उसके चूतड़ चौड़े करके पीछे से उसको चोदने लगा। अब मैं उसके चूतड़ों के मजे भी ले रहा था और उसकी चुदाई भी धकाधक चल रही थी। जब मैं जोर-जोर से चोदता तो वो अपने चूतड़ों को ऊपर उठा के और भी आनन्द देती।

अब फिर से सीधा करके मैंने अपना लंड उसकी चूत में डाल प्रिया और अब जो जोर-जोर से चुदाई हुई, तो समझो थोड़ी ही देर में हम दोनों का बदन अकड़ गया और मैं उसकी चूत में ही झड़ गया।

हम दोनों ही इस चुदाई से बहुत खुश हुए थे और अब मौका मिलते ही हम फिर से चुदाई करते हैं।

तो दोस्तो, कैसी रही मेरी सेक्स स्टोरी.. जरूर बताना और मेल जरूर करना।support@mohakkisse.com

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