होम पर वापस जाएं
कोई देख रहा है पठन समय: 9 मिनट पढ़ा गया: 823 बार

मेरी मम्मी अपने बॉस से चुदती रही

आदित्य राय

17 Feb 2012 को प्रकाशित

मेरी मम्मी अपने बॉस से चुदती रही
कहानी सुनें

ऑडियो प्लेयर (Play Audio)

स्वर: लोड हो रहा है...

0:00
0:00

पोर्न मॅाम Xxxn कहानी में मेरी मम्मी जॉब करती थी. उनके बॉस अक्सर हमारे घर आकर काम करते थे. एक रात मैंने देखा कि मम्मी और बॉस बेडरूम में थे, नंगे थे.

मित्रो, मेरा नाम आदित्य है, मैं अहमदाबाद का रहने वाला हूं

आज मैं आपको जो पोर्न मॅाम Xxxn कहानी बताने जा रहा हूं वह मेरी आंखों देखी वास्तविक कहानी है।

हमारे खुशहाल परिवार में मेरी मॉम की उम्र 44 साल, मेरे पापा की उम्र 46 साल और मैं 19 साल का हूँ।

पापा ट्रान्सपोर्ट कम्पनी में शिड्यूल सुपरवाइजर हैं।उनका का जॉब नाइट शिफ्ट में रहता है.

मेरी मॉम रियल एस्टेट कंपनी में जॉब करती हैं.और मैं पढ़ाई कर रहा हूँ.

यह कुछ दिन पूर्व की बात है.पापा का नाइट शिफ्ट होने की वजह से वे शाम को 8:00 बजे ड्यूटी पर चले जाते थे।

सिर्फ शनिवार की रात को वे घर पर रहते थे, बाक़ी पूरा हफ्ता उनका नाइट शिफ्ट रहता था।

उस शाम भी पापा 8:00 बजे ड्यूटी पर चले गए और 10:00 बजे मॉम के बॉस (महेश अंकल) घर पर आए.

महेश अंकल दिखने में मॅाम से 8-10 साल बड़े लगते थे।

मेरे लिए उनका आना नॉर्मल बात थी क्योंकि वे कई बार ऑफिस के काम के लिए इसी समय पर घर पर आया करते थे।दोनों लिविंग रूम में सोफे पर बैठ कर कुछ कागजों और लैपटॉप से काम कर रहे थे.

मैं अपने कमरे में पढ़ाई कर रहा था.

करीब 12:00 बजे मैं पानी पीने के लिए रसोई में गया तब देखा कि मॉम और महेश अंकल लिविंग रूम में नहीं थे.मुझे लगा कि शायद अंकल चले गए.

तब भी मैं देखने के लिए मेन डोर के पास गया.वहां अंकल के जूते पड़े हुए थे और उनकी मोटरसाइकिल भी वहां खड़ी हुई थी.

मुझे कुछ अजीब लगा मैं पानी पीकर तुरंत मॅाम के कमरे की ओर गया.दरवाजा अंदर से बंद था तो मैं सीढ़ी के पास गया।

मॉम के कमरे और रसोई के बीच में छत के लिए सीढ़ियाँ हैं. वहां पर मॅाम के कमरे में छोटा विंडो था अंदर से बॉक्स काटकर लगाया था पर फिर भी वहां से बेडरूम के अंदर का साफ दिखाई दे रहा था।

बेडरूम के अंदर का दृश्य देखकर मेरे पैरों से जमीन खिसक गई.महेश अंकल बेड पर अंडरवियर में लेते हुए थे।मॅाम शायद बाथरूम में थी।

थोड़ी देर बाद मॅाम बाथरूम से नहा कर आई.उनके बदन पर टॉवल लपेटा हुआ था और वे उसी स्थिति में बेड पर गई।

महेश अंकल ने मॉम को खींचकर अपनी बाहों में ले लिया और उनके लबों पर किस करने लगे.किस करते-करते वह अपने हाथों को मॉम की गांड पर फिरा रहे थे।

थोड़ी देर यूं ही किस करने के बाद उन्होंने मॉम को पलट कर नीचे ले लिया और अंकल मॅाम के ऊपर आ गये.फिर एक ही झटके में उन्होंने खींच कर मॅाम का टॉवल निकाल प्रिया.

मॅाम ने अंदर पेंटी पहनी हुई थी और बड़े बड़े बूब्स खुलते ही कूदने लगे.मेरी मॉम की एवरेज बॉडी थी, इतनी उम्र होने के बाद भी मोटापा बिल्कुल नहीं था, एकदम कसा हुआ बदन, भरी हुई छाती और उसकी गांड का हिस्सा मॉम के बदन को बहुत ही खूबसूरत बना रहा था।

मैं यह सब देखकर हैरान था क्योंकि मॅाम खुशी खुशी उनका साथ दे रही थी।

अंकल मॅाम के बूब्स को किस कर रहे थे और निप्पल दांतों के बीच लेकर हल्के से दबा रहे थे.मॅाम सिसकारियां भरने लगी थी, उनके बालों को खींचकर छाती पर लगा रही थी.

ऐसे ही थोड़ी देर करने के बाद अंकल ने अपना एक हाथ मॅाम के पेंटी के अंदर घुसा प्रिया।अंकल का हाथ चूत पर छूते ही मॅाम की आंखें बंद हो गई और गहरी सांस लेने लगी.

मॉम को शायद अब मजा आने लगा था।

अब अंकल मॉम के बदन को चूमते चूमते नीचे की ओर गए, पेंटी निकालकर मॉम की दोनों टांगों को चौड़ा किया और मॅाम की चूत पर किस करने लगे.मॅाम सिसकारियां भर रही थी।अंकल अपनी जुबान से मॉम की चूत चाट रहे थे.

थोड़ी देर बाद अंकल ने अपणा अंडरवियर निकालकर बड़ा सा लंड मॅाम की चूत पर रख प्रिया और वहां पर रगड़ने लगे.मॅाम सिसकारियां भरने लगी … जैसे उनके पूरे शरीर में वाइब्रेशन आ गया हो, वैसे तड़पने लगी और कहने लगी- महेश डाल दो … अब आह हह आआ आहाआ! और मत तड़पाओ … आआह!

अब महेश अंकल बेड पर लेट गए.मॅाम ने अपने बालों को बांधा और अंकल के लंड को किस करने लगी.अंकल का लंड काफी बड़ा हो चुका था, मॉम उसको मुंह में ले रही थी और वह पराया आदमी मॅाम की गांड पर हाथ फिरा रहा था और साथ ही हल्की हल्की थप्पड़ गांड पर मार रहा था।

यह भी पढ़ें (Recommended)

कोकशास्त्र की रचना -1

मॅाम ने काफी देर तक उनका लंड चूसा ओर फिर अंकल ने मॅाम को दीवार से खड़े होने को कहा.

तब मॅाम खड़ी होकर दीवार की ओर मुंह रख कर घोडी बन गई और अपनी गांड को बाहर रखा.अंकल ने पीछे से आकर अपना लंड मॅाम की चूत में रख प्रिया और अंदर बाहर करने लगे।

तब मॅाम भी अजीब अजीब आवाजें करने लगी- आआआ … आह आह महेश … और जोर से डालो आआआह … आआआह … उउईई आआ … चोदो और जोर से … आआहह ऊई मां … आ आह चोदो!

पूरा कमरा पोर्न मॅाम की Xxxn सिसकारियों से गूंज रहा था और अंकल जोर-जोर से पीछे से मॅाम को चोद रहे थे।

मुझे यह सब बहुत ही अजीब लग रहा था क्योंकि मॅाम घर में सबसे ज्यादा गर्म और गुस्सैल स्वभाव की थी।वे हमेशा गुस्से में ही रहती थी.कभी मुझे तो कभी पापा को भी डांट प्रिया करती थी.और वे यहां पर चुपचाप अंकल के हर एक आदेश का बिना विरोध किये पालन कर रही थी।

थोडी देर की चुदाई के बाद फिर दोनों बेड पर गइ.

महेश अंकल सीधे लेट गये और मॅाम को बोले- चल मेरी रंडी … आ बैठ मेरे लंड पर!

मॅाम उनके ऊपर जाकर बैठ गई.महेश अंकल ने भी अपने दोनों हाथों से मॅाम की गांड फैलाई ओर अपने लंड को चूत में अंदर तक घुसा प्रिया।

मॅाम ऊपर नीचे होने लगी।मुझे सब कुछ साफ दिखाई दे रहा था; काला मोटा लंडमम्मी की चूतके अंदर बाहर हो रहा था।

मॅाम- आ आआह आआआ हआ … आआ आहहह चोदो महेश आआआ … और जोश के साथ महेश … आआ आआआआह आआआह!

ऐसे ही अलग अलग पोजीशन में काफी देर तक जमकर चुदाई चली।फिर महेश अंकल ने अपना सारा पानी मॅाम के बूब्स पर गिरा प्रिया।

कमरे में एकदम से सन्नाटा हो गया, दोनों एक दूसरे को बाहों में लेकर सो गए।

करीब 30-40 मिनट के आराम के बाद महेश अंकल मॅाम से- चल मेरी रानी, टाइम हो गया!

मुझे लगा अब चुदाई खत्म हो गई, महेश अंकल जाने को कह रहे हैं।

पर नहीं … महेश अंकल के शब्द सुनते ही मॅाम ने उसके लंड को चूमना शुरू कर प्रिया और अंकल का लंड अपने मुख में लेने लगी।दरअसल मॅाम अंकल के लंड को फिर से तैयार कर रही थी।

थोड़ी देर के बाद अंकल का लंड फिर से चुदाई के लिए तैयार था।फिर मॅाम की चुदाई शुरू हुई।

अंकल ने इस बार मॅाम को डोगी स्टायल में रख कर चूत चुदाई शुरू की.थोड़ी देर की चुदाई के बाद मॅाम ने गांड की ओर इशारा किया और अंकल ने अपना लंड चूत से निकाल कर मॅाम की गांड में पेल प्रियाऔर गांड की चुदाई शुरू कर दी।इसमें मॅाम को काफी दर्द हो रहा था।

पर फिर भी मॅाम उचल उचल उनका साथ दे रही थी।थोड़ी देर की चुदाई के बाद अंकल ने अपना पानी मॉम की गांड में छोड़ प्रिया.

फिर दोनों आपस में किस करते करते बेड पर सो गए।

रात के करीब 3:00 बजे अंकल घर से निकल गये।

उस रात के बाद जब जब अंकल घर आते, तब मैं समझ जाता कि आज मॅाम की चुदाई होने वाली है।और मैं उन दोनों के गर्म कर देने वाले पलो का साक्षी बनता।

आज 4 – 5 साल के बाद भी दोनों महीने में 2-3 बार चुदाई करते हैं।

और हाँ … पूरी चुदाई के दौरान अंकल ने पोर्न मॅाम को खूब गंदी गंदी Xxxn गालियां भी दी थी जो मैं यहां लिख नहीं पाया।

यह कहानी आपके साथ शेयर करके मुझे काफी अच्छा लगा, जैसे मेरे दिमाग का बोझ हल्का हो गया हो।

और एक बात बताना भूल ही गया।एक रात महेश अंकल के साथ और एक जवान लड़का भी आया था।उस रात मॅाम को बेड पर दो मर्द एक साथ मिल कर चोद रहे थे।

यह कहानी बाद में लिखूँगा।पोर्न मॅाम Xxxn कहानी कैसी लगी. मुझे कमेंट्स कर के फीडबैक जरूर दें.धन्यवाद.लेखक के आग्रह पर मेल आईडी नहीं प्रिया जा रहा है.

कहानी पर अपनी प्रतिक्रिया दें (React to Story)

इसी श्रेणी से अन्य कहानियाँ

ससुराल गेंदा फ़ूल-1
कोई देख रहा है

ससुराल गेंदा फ़ूल-1

मेरा नाम किरण है। मेरी शादी बड़ौदा में एक साधारण परिवार में हुई थी। मैं स्वयं एक दुबली पतली, दूध जैसी गोरी, और शर्मीले स्वभाव की पुराने संस्कारों वाली लड़की हूँ। घर का काम काज ही मेरे लिये लिये सब कुछ है। पर काम से निपटने के बाद मुझे सजना संवरना अच्...

13 मिनट 240
नौकरानी को उसके यार से चुदवाने में मदद -2
कोई देख रहा है

नौकरानी को उसके यार से चुदवाने में मदद -2

आगे का हाल सुमन के अपने शब्दों में:बतरा साहब कमरे में घुसते ही मेरे से लिपट गए, मुझे आगोश में लेकर बोले- मैं तुम्हें बहुत मिस करता था। कभी-कभी तो तुम्हारी याद में रात-रात भर जगता था।मैंने उनसे कहा- मुझे भी आपकी बहुत याद आती थी।

12 मिनट 248
कोकशास्त्र की रचना -1
कोई देख रहा है

कोकशास्त्र की रचना -1

ख़ास करके मुझे लगा कि इस कहानी के लिए सिर्फ लड़के मेल करेंगे.. पर सबसे ज्यादा ईमेल मुझे आंटियों के और भाभियों के आए।कोई अपनी रियल कहानी बता रहा था तो कोई फ्रेंडशिप करना चाहती.. तो कोई मेरे साथ चुदाई करना चाहती हैं।पर किसी महिला को डरने की कोई बात नह...

9 मिनट 820

पाठकों की राय

2 टिप्पणियां

कुलदीप चौहान

2 months ago

बहुत ही गजब का लिखा है लेखक भाई। आपका लिखने का स्टाइल बहुत बढ़िया है।

इश्क ज़ादे

2 months ago

अगला भाग जल्दी से अपलोड कर दो भाई, अब और इंतज़ार नहीं होता।

🔒 सुरक्षा कारणों से कॉपी करने की अनुमति नहीं है।