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माँ की चुदाई पठन समय: 12 मिनट पढ़ा गया: 1,363 बार

मेरी माँ और दीदी ने चुदाई सिखा दी

लवलेश

11 Apr 2020 को प्रकाशित

मेरी माँ और दीदी ने चुदाई सिखा दी
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हाय फ्रेंड्स.. मेरा नाम लवलेश है, मैं पंजाब में रहता हूँ. मेरी उम्र इस समय 21 साल की है. यह माँ और दीदी की चुदाई की यह कहानी तब की है, जब मैं छोटा था. मेरे घर में तीन लोग हैं, मेरी दीदी जो कि उस समय 21 साल की थीं. मेरी माँ 44 साल की है, मेरी दीदी का नाम पूजा है.. और मेरी माँ का नाम प्रेमा है.

उस वक्त मैं पढ़ता था. शारीरिक रूप से मैं हट्टा-कट्टा था. तीन साल पहले ही मेरे डैड की डैथ हो गई थी. उस वक्त मुझे सेक्स के बारे में ज़्यादा कुछ नहीं पता था, पर मेरे दोस्त ने एक दिन बताया कि लड़के ने मुझे मुठ मारने के बारे में बताया.

एक दिन दीदी और माँ मार्केट चली गईं तो मैं कमरे में लंड को निकाल कर मुठ मार रहा था. तभी अचानक दीदी वापस आ गईं और उन्होंने मुझे लंड हिलाते हुए देख लिया.मैं दीदी से सॉरी बोल रहा था तो दीदी ने कहा- मैं यहाँ अपना पर्स भूल गई थी, वो लेने आई थी.. और तू गुल खिला रहा है.. मैं अभी माँ से सब बताती हूँ.

मैं दीदी से सॉरी बोलने लगा.दीदी ने मुझसे कहा- एक शर्त पर नहीं बताऊंगी.. तू प्रोमिस कर कि मानेगा.मैंने कहा- मुझे हर शर्त मंजूर है.दीदी ने कहा- ओ के, बाद में बताऊंगी.. अभी जो तू कर रहा है, कर ले.

मैं डर रहा था कि दीदी क्या शर्त कहेंगी.. मुझसे क्या माँगेंगी.

शाम को दीदी घर वापस आईं. वो मुझे देख कर मुस्कुरा रही थीं. शाम को दीदी खाना खाने के बाद मेरे कमरे में आईं और कहने लगीं- अपनी पैन्ट उतारो.मैंने मना की और कहा- मुझे शर्म आ रही है.दीदी ने कहा- सुबह वो सब करते शर्म नहीं आ रही थी.मैंने शर्म से अपना सर नीचे झुका लिया.तो दीदी ने कहा- अगर तू नहीं उतार रहा तो मैं खुद ही उतार देती हूँ.

मैं अभी कुछ कह भी नहीं पाया था कि दीदी आगे आईं और झट से मेरी पैन्ट को खींच कर नीचे कर प्रिया.मैंने विरोध किया, तब तक दीदी मेरे लंड को पकड़ चुकी थीं.दीदी बोली- हाय, कैसा लंड है, सिकुड़ी पोजीशन पर ऐसा है, तो जब कड़ा होगा तो कैसा होगा..!

मेरा लंड कम से कम 7 इंच लम्बा रहा होगा. दीदी ने मेरे लंड से खेलना शुरू कर प्रिया. तभी एक और घटना हुई.दीदी दरवाज़ा बंद करना भूल गई थीं, तो माँ ने ये सब देख लिया.

अब माँ अन्दर आकर कहने लगीं- ये सब क्या कर रही हो.. मैंने सब कुछ देखा, तुम अपने भाई से ज़बरदस्ती कर रही हो?दीदी ने अभी भी मेरा लंड हाथ में पकड़ रखा था.‘छोड़ उसको..’ कहते हुए माँ डांटने लगीं.

दीदी कहने लगीं- मॉम, देखो भाई का लंड 7 इंच का है और आपकी चूत में बहुत दिन हो गए है.. आप को भी खुशी मिलेगी और मुझे भी.. और भाई को भी मजा आ जाएगा.ये सुन कर माँ कहने लगीं- तू बात तो ठीक कह रही है.तब मेरी माँ भी मेरे लंड को मसलने लगीं. अब तो मेरा लंड खड़ा हो गया.

माँ लंड के सुपारे की चमड़ी को आगे-पीछे जैसा करने लगीं, तो मुझे दर्द होने लगा.मैंने माँ से कहा- मुझे दर्द हो रहा है.

तो माँ मेरे चमड़ी को खोलने की कोशिश करने लगी तो नहीं खुली.अब माँ और दीदी ने कहा- इसके लंड का चमड़ी क्यों नहीं खुल रही है.माँ ने कहा- इसे डॉक्टर को दिखाना होगा.. ऐसे हम इससे मज़े नहीं ले सकते.दीदी ने मेरे लंड को किस किया और कहा- ओह इतना बड़ा लंड है.. लेकिन मैं कुछ कर नहीं सकती.

दूसरे दिन माँ मुझे डॉक्टर के पास ले गईं. डॉक्टर एक लेडी थी, तो माँ ने उसको बताया, डॉक्टर ने मुझे बुलाया और माँ से कहा- इसका पैन्ट उतारो.

माँ ने मेरी पैन्ट उतारी और डॉक्टर मेरा लंड पकड़ कर देखने लगी. मुझे शर्म आ रही थी, क्योंकि वो डॉक्टर मेरी बुआ थीं.बुआ ने माँ से कहा- इसका ऑपरेशन करके चमड़ी को काटना पड़ेगा.माँ ने ऑपरेशन के लिए हाँ कर दी.

कुछ दिन बाद मेरे लंड का ऑपरेशन हुआ और डॉक्टर बुआ ने कहा- इसे घाव भरने तक घर पर नंगा रहना होगा. एक महीने के बाद लंड की तेल से मालिश कर देना.माँ ने कहा- ठीक है. पर मैं घर पर नहीं रह पाऊंगी क्योंकि मैं तो काम पर जाती हूँ.बुआ ने कहा- तो पूजा बेटी कर देगी.

मुझे घर लाया गया, घर पर मैं नंगा ही रहता था.

एक महीने के बाद बुआ के पास ले गईं तो बुआ ने मेरे लंड को पकड़कऱ खोला तो चमड़ी आराम से खुल गई.

तो बुआ ने कहा- अब इसकी चमड़ी को खोलकर 15 दिन तक तेल लगाना होगा.

घर पर आने के बाद दीदी और माँ दोनों मेरे लंड की मालिश करतीं और चुम्मा लेतीं. वे दोनों मेरे खड़े लंड की खूब मालिश करतीं.

एक दिन दीदी और माँ मेरी मालिश कर रही थीं कि अचानक मेरे लंड से कुछ निकला और मेरा शरीर अकड़ गया.दीदी और माँ हंसने लगीं. दीदी कहने लगीं- माँ, देखो अब ये चुदाई के लायक हो गया है.ये कह कर दोनों हंसने लगीं और कहने लगीं- तेरा लंड तो 7 इंच का है, तेरे पापा का तो 6 इंच का ही था.तो मैंने कहा- आपका कितना बड़ा है?दीदी ने कहा- लड़कियों के लंड नहीं बुर होती है.मैंने कहा- खोल कर दिखाओ.ये सुनकर दोनों हंसने लगीं.

माँ और दीदी ने कहा- शाम को बताऊंगी.

हम लोग खाना ख़ाकर शाम को लेटने की तैयारी करने लगे.

मैं, माँ और दीदी तीनों एक ही बेडरूम में थे. दीदी ने मुझे नंगा किया. तब मैं भी दीदी के कपड़े उतारने लगा.दीदी ने कहा- जरा रूको.तो मैंने कहा- आपने तो मेरा लंड देख लिया है.. अब आप क्यों नहीं दिखातीं?दीदी ने कहा- ओ के, उतार ले.तो मैंने दीदी के कपड़े उतार दिए.माँ ने कहा- मेरे कपड़े कौन उतारेगा?

मैंने मॉम की साड़ी और ब्लाउज उतार दिए. पेटीकोट भी निकाल प्रिया.

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मैं देखता रह गया.. माँ के नीचे लंड जैसा कुछ नहीं था.

दीदी हंसने लगीं तो मैं दीदी के पास गया और दीदी की पैन्टी उतारने लगा. मैंने देखा कि दीदी के नीचे बहुत सारे बाल थे.

मैंने कहा- आप दोनों कह रही थीं कि चुत होती है, ये क्या काम करती है?

माँ ने मुझे लिटा प्रिया और मेरे लंड को चूसने लगीं. मेरा लंड खड़ा था कुछ देर चूसने के बाद माँ ने मुझे खड़ा किया खुद लेट गईं और अपने हाथ से बुर खोल कर दिखाई और कहा- बेटा ये बुर है.. और इसके छेद में लंड अन्दर जाता है.तब मैंने कहा- माँ, इसमें ये दाने की तरह क्या है?तो माँ ने कहा- बेटा, इसे तुम जितना चाटोगे, उतना ही औरत की चुत गरम होती जाती है.मैंने कहा- माँ दीदी के उधर बाल क्यों हैं? उनकी चुत कहाँ गई?दीदी लेट गईं और उन्होंने कहा- माँ ने अपने बुर के बाल कटवा लिए हैं, इसलिए उनके बाल नहीं हैं.

मैंने दोनों की बुर देखता रहा.. कभी माँ की, कभी दीदी की.

उस वक्त दीदी मेरे लंड को चूस रही थीं. तभी दीदी ने कहा- माँ, अब चुदाई करते हैं.‘ओके..’दीदी ने कहा- माँ पहले आप.. क्योंकि इसका लंड बहुत बड़ा है और मैं देखने चाहती हूँ कि आपको कितना दर्द होता है.

माँ ने मुझे अपनी बुर के दाने को चूसने को कहा, मैं चूसने लगा. माँ दीदी के मम्मों को चूस रही थीं. कुछ मिनट चूसने के बाद माँ अपनी चुत में उंगली डालने लगीं. माँ ने चुत को कुछ मिनट फिर से चटवाया. मुझे बहुत मज़ा आ रहा था.

तभी माँ ने दीदी से कहा- आह मैं झड़ने वाली हूँ.ये कहते हुए माँ अपनी चुत को ऊपर उठाते हुए मेरे मुँह में ही झड़ गईं.

अब मैं अपने मुँह पर पानी लग जाने से एकदम से डर गया था तो मेरी हालत देख कर माँ और दीदी हंसने लगीं.मैंने माँ से कहा- अब मैं चोदना चाहता हूँ.माँ ने कहा- जा दीदी को चोद ले, मैं झड़ चुकी हूँ.

तभी माँ ने दीदी को इशारा किया तो दीदी ने मेरे लंड को पकड़ कर मुझे अपने ऊपर लिटा लिया और अपने दूध को चुसवाने लगीं. मेरा लंड दीदी की बुर पर फिसल रहा था. कुछ मिनट बाद मैंने दीदी की बुर चाटी. अब दीदी बेकाबू हो चुकी थीं.

दीदी ने अपनी टांगों को फैलाकर मुझे अपने बीच में आने को कहा, तभी माँ ने मेरे लंड को पकड़ कर दीदी की बुर पर लगा प्रिया.अब दीदी ने कहा- अब अपना लंड इस छेद में घुसाओ.मैंने धक्का लगाया, तो मेरा लंड फिसल गया.

माँ ने कहा- पहले इधर आ.. अपने लंड पर तेल लगा और दीदी की बुर के होल में भी तेल डाल.. फिर लंड घुसा क्योंकि दीदी अभी वर्जिन है.

मैंने लंड पर तेल लगाया और दीदी के दाने को अपने लंड से मसलने लगा. दीदी तड़प रही थीं तो मैंने धक्का लगाया. मेरा तभी अन्दर गया.दीदी ने कहा- आराम से.. दर्द हो रहा है छोटे..मैंने दोबारा धक्का प्रिया तो आधा लंड घुस गया. दीदी की बुर से खून निकलने लगा. दीदी चिल्ला उठीं.

माँ दीदी को किस करने लगीं और मुझसे कहा- थोड़ी देर अन्दर रूके रहो.थोड़ी देर बाद माँ ने कहा- अब आराम से अन्दर-बाहर करो.

मैं लंड को अन्दर-बाहर करने लगा और दीदी के निप्पलों को चूसने लगा. अब दीदी मुझे बांहों में भर कर चुदवा रही थीं, मुझे बहुत मज़ा आ रहा था.

मैंने दीदी को काफी देर तक चोदा. अब दीदी कहने लगीं- मैं झड़ने वाली हूँ.ये कह कर दीदी झड़ गईं. मैं अब भी उन्हें चोद रहा था. कुछ देर बाद दीदी ने मुझे धक्का प्रिया तो मेरा लंड बाहर निकल गया.दीदी ने कहा- माँ अब मैं इसके लंड को नहीं झेल सकती.

तभी माँ ने मुझे अपनी तरफ खींचा और मेरे लंड के ऊपर चढ़कर चुदवाने लगीं.

कुछ देर बाद मैंने माँ के ऊपर आकर उन्हें काफ़ी तेज गति से चोदना शुरू किया. माँ की चुत को बहुत देर तक चोदा पर मेरा लंड अब भी सतत चुदाई में लगा हुआ था.

माँ भी ‘अहह हह..’ कर रही थीं. माँ बेटा सेक्स के इस खेल में मैंने माँ को जम कर चोदा. फिर माँ भी झड़ गईं. अब मैं भी झड़ने वाला था. मैंने मॉम को बताया तो माँ ने कहा- बेटा, अपना अन्दर ही डाल दे, अन्दर ही झड़ जा..

मैंने एक ज़ोर का कड़क धक्का मारा.. और माँ की चुत के अन्दर कुछ सेकेंड तक झड़ता रहा. माँ की चुत मेरे वीर्य से भर गई.

माँ ने कहा- अगरदीदी की बुरमें झड़ता तो वो माँ बन जाती.. मैंने तो ऑपरेशन करवाया हुआ है, इसलिए मैंने तुझसे अन्दर झड़ने को कहा.मैंने कहा- दीदी को चोदने में मुझे सबसे ज़्यादा मज़ा आया.माँ ने कहा- उसकी बुर अभी टाइट है.. क्योंकि वो आज पहली बार चुदाई करवा रही थी.

तब से मैं आज तक माँ और दीदी को चोदता हूँ. दीदी को तो शादी के बाद भी पेल रहा हूँ.मेरी माँ की चुदाई की सेक्स कहानी कैसी लगी?support@mohakkisse.com

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