बाप बेटी की चुदाई

ससुर का लपलपाता हुआ लंड पकड़ा- 2

लेखक: रेहाना खान दिनांक: 08-06-2011 पठन समय: 14 मिनट

ग्रुप फॅमिली सेक्स कहानी में अपने ससुर से चुदने में मुझे बहुत मजा आया. मेरी ननद को इस चुदाई का पता लगा तो वह भी अपने बाप का लंड लेने को मचल उठी.

कहानी के पहले भागमैं लंड के लिए तड़पती रहती थीमें आपने पढ़ा कि मुझे सेक्स का बहुत शौक है. मैं शादी से पहले ही खूब सारे लंड ले चुकी थी.पर शादी के बाद मुझे लंड की कमी महसूस हुई तो मैंने अपने ससुर का लंड ट्राई किया.ससुर से चुद कर फ्री हुई ही थी कि मेरी ननद का फोन आ गया.

अब आगे ग्रुप फॅमिली सेक्स कहानी:

यह कहानी सुनें.

जैसे ही मेरी ननद दिया का फोन आया और मैंने हेलो कहा वैसे ही मेरा ससुर बाथ रूम चला गया मूतने!उसे नहीं मालूम हुआ कि फोन किसका है.

मैंने कहा- यार दिया, मैं अपने ससुर से चुदने जा रही हूँ। मैं भी नंगी हूँ और वह भी नंगा है।वह बोली- अरे वाह … खूब मज़ा लूट रही हो मेरी बरखा भाभी। लगता है तुम रंडी बन चुकी हो बिलकुल अपने ससुर से चुदवा चुदवा कर?

मैंने कहा- यार, कुछ भी हो … मुझे तो लंड चाहिए बस लंड! मैं लंड के बिना रह नहीं सकती। मेरे ससुर का लंड इतना लम्बा मोटा है कि मुझे वह एक ही नज़र में भा गया।वह बोली- अच्छा सुनो भाभी, मैं कल आपके घर आ रही हूँ अपने ससुर के साथ!

मैंने कहा- अच्छा! लगता है कि तू भी भोसड़ी वाली अपने ससुर का लंड लेती है?उसने कहा- वह सब मैं आकर बताऊँगी भाभी। फोन बंद करती हूँ, तुम जाओ और मेरे पापा से चुदो।

फोन कटा तब तक ससुर बाथरूम से वापस आ गया।वह मुझे नंगी को बेड पर ले गया और बोला- किसका फोन था?मैंने उसका लंड हिलाते हुए बता प्रिया- मेरी ननद रानी दिया का फोन था। वह कल अपने ससुर के साथ यहाँ आ रही है।

यह सुनकर वह बड़ा खुश हुआ और फिर चुपचाप बैठ गया.मैंने पूछा- क्या हुआ तुम चुप क्यों हो गए?वह बोला- यार बरखा, एक बात तुमसे कहना चाहता हूँ।

मेरा एक दोस्त हैं रहमत अली।एक दिन मैं उसके घर गया और उसके बेड रूम में घुस गया.वहां मैंने देखा कि वह अपनी बेटी चोद रहा है।मैं सॉरी कह कर वहां से जाने लगा तो उसने मुझे रोक लिया और कहा यार बल्लू यहीं बैठो और हमारी पूरी चुदाई देखो।तो मैं बैठ गया और देखने लगा चुदाई!बड़ी मस्त चुदाई थी उन दोनों की!

चुदाई के बाद उसने मुझे नाश्ता वगैरह कराया, खूब बातें की.और जब मैं जाने लगा तो बोला- यार बल्लू, अब तुम मेरी बेटी चोद कर जाना.

तब तक उसकी बीवी भी आ गयी।वह भी बोली- हां भाई जान, अब तुम मेरी बेटी को मेरे सामने ही चोदो। उसे एक नए लंड का मज़ा मिलेगा तो वह बहुत खुश होगी।

फिर मैं क्या करता … मैंने उनकी इच्छा पूरी की और उसकी बेटी को बड़ी मस्ती से चोदा।मुझे वाकयी बड़ा मज़ा आया।

मैंने कहा- आपने ठीक किया यार! इसमें परेशान होने की क्या बात है?वह बोला- बरखा यार, अगर उसने कहा कि बल्लू अब मैं तेरी बेटी चोदूंगा तो मैं क्या जवाब दूंगा? एक बात बताऊँ अब तुमसे क्या छुपाना … उसकी बेटी को चोद कर मुझे इतना मज़ा आया कि अब मैं अपनी बेटी चोदना चाहता हूँ। मैं वही मज़ा लेना चाहता हूँ जो रहमत अली अपनी बेटी को चोद कर ले रहा था। पर ये सब होगा कैसे … पता नहीं?

मैं हंस कर बोली- अरे मेरे भोले राजा, भोसड़ी के बल्लू … ये सब मुझ पर छोड़ दो। तुम चिंता न करो, मैं तेरा लंड तेरी बेटी की चूत में पेल दूंगी। यह मेरा काम है और ये काम करना मुझे बखूबी आता है.

यह सुनकर उसका चेहरा खिल उठा और फिर उसने अपना लंड गप्प से मेरी चूत में पेल प्रिया।

इस बार वह मुझे और ज्यादा ताकत से चोदने लगा।मैं भी उतनी ही उत्तेजित होकर चुदवाने लगी।

फिर वह बोला- यार बरखा, आज मैं तेरी गांड भी चोदूंगा।मैंने कहा- चोद ले यार, मेरी गांड तेरी ही अमानत है।

उसने लौड़ा मेरी गांड में पेला तो मेरी दर्द के मारे आँखें निकल आई.लेकिन फिर मज़ा आने लगा।

मैं पहली बार गांड मरवा रही थी … वह भी अपने ससुर से!तब पता चला कि गांड मरवाने का मज़ा क्या होता है।

अगले दिन मेरी ननद दिया अपने ससुर के साथ आ गई.दिया बेहद खूबसूरत सेक्सी और हॉट लड़की है।उसके बूब्स बड़े बड़े, बाहें निहायत खूबसूरत और आँखें कजरारी हैं।उसकी गांड तो गज़ब की मटकती है।एकदम गोरी चिट्टी गुलाबी होंठों वाली है मेरी ननद।लोग उसे देख कर अपना लंड सहलाने लगते थे.

आते ही वह मेरे गले लग गयी, बोली- भाभी, तुम तो पहले से ज्यादा सुन्दर लग रही हो।फिर उसने मुझे अपने ससुर रज्जू से मिलवाया।मैं उससे पहली बार मिली।

वह बड़ा स्मार्ट और हैंडसम था।मेरा तो दिल उस पर आ गया।

शाम को दिया बोली- भाभी, एक राज़ की बात मैं तुम्हे बता रही हूँ, मैं अपने ससुर से चुदवाती हूँ। मुझे उसका लंड बहुत पसंद है। वह मेरी चूत और गांड दोनों मजे से चाटता है, मेरा बहुत ख्याल भी रखता है. मेरी झांटें वही बनाता है. मुझे मालूम है कि तुम भी अपने ससुर से चुदवाती हो भाभी!

मैंने कहा- हां चुदवाती तो हूँ।फिर वह तपाक से बोली- भाभी जी, तो फिर तुम अपने ससुर का लंड मुझे पकड़ा दो न! मैं अपने पापा का लंड लेना चाहती हूँ। एक दिन मैंने पापा का लंड दूर से देखा था तो मेरी चूत गीली हो गयी थी लेकिन लंड मैं कभी पकड़ नहीं पाई उसका! मेरी सभी सहेलियां अपने पापा से चुदवातीं हैं तो अब मैं भी अपने पापा से चुदवाना चाहती हूँ।

मैंने कहा- ठीक है, मैं तुम्हे अपने ससुर का लंड पकड़ा दूँगी, तुम मुझे अपने ससुर का लंड पकड़ा देना। बात बराबर हो जाएगी।वह बोली- मुझे मंजूर है।

फिर मैंने उसको अपना प्लान बता प्रिया और उसी प्लान के मुताबिक सब कुछ होने लगा।

रात के 10 बज चुके थे।मैं अपने कमरे में नंगी लेटी थी।

इतने में मेरा ससुर आया।मैंने उसे भी नंगा कर प्रिया।

मैं बड़े प्यार से उसका लंड पकड़ कर हिलाने लगी, चूमने लगी और चाटने लगी।वह मेरे नंगे बदन से खेलने लगा।

इतने में मेरी ननद कमरे में आ गया।आते ही वह बोली- हाय दईया बरखा भाभी, तेरे हाथ में मेरा पापा का लंड? इतना बड़ा लंड? इतना मोटा लंड? ऐसा लंड तो मैंने पहले कभी नहीं देखा। इतना बड़ा और मोटा लंड तो मेरे ससुर का भी नहीं है भाभी।

यह सुनकर मेरा ससुर बोल पड़ा- बेटी दिया, क्या तुम अपने ससुर का लंड लेती हो?वह बोली- अरे पापा, मैं उसका लंड पकड़ती ही नहीं बल्कि पेलवाती भी हूँ अपनी चूत में! मैं अपने ससुर से बिंदास चुदवाती हूँ। दिन में 3 बार तो वह मुझे चोद ही लेता है। मैं तो तुम्हारा लंड भी पकड़ना चाहती हूँ पापा!

मैंने कहा- तो फिर पकड़ कर देख लो न अपने बाप का लंड ननद रानी! मज़ा ले लो न … किसने रोका है तुम्हें?

फिर क्या … प्लान के अनुसार उसने अपनी शाल गिरा दी।अंदर से वह पूरी नंगी ही थी।

नंगी बेटी को देख कर मेरे ससुर का लंड और तन कर खड़ा हो गया।दिया ने जब अपने बाप का लपलपाता हुआ लंड पकड़ा तो लंड बहनचोद और फुफकार मारने लगा।

तब दिया लंड पकड़ कर मस्त हो गयी और उसे मुंह में लेकर चूसने लगी.मैं उसकी चूत चाटने लगी और ससुर मेरी चूत चाटने लगा।

थ्रीसम का मज़ा आने लगा हम सबको!फिर अचानक मैं उठी और बाहर चली गयी।

थोड़ी देर में मैं ननद के ससुर का लंड पकड़े पकड़े नंगी नंगी उन दोनों बाप बेटी के सामने आ गयी।मैंने कहा- अरी मेरी बुरचोदी ननद रानी, तू मेरे ससुर का लंड चाट रही है तो अब मैं तेरे ससुर का लंड चाटूँगी।

ऐसा बोल कर मैंने उसे बेड पर बल्लू के बगल में लिटा प्रिया और उसका लंड चूसने लगी।हम दोनों ननद भौजाई एक दूसरी के ससुर का लंड चाटने में जी जान से जुट गयीं।

मेरे ससुर ने अपनी नंगी बेटी को कस कर दबोच लिया और उसके नंगे जिस्म से खेलने लगा।वह बोला- बेटी दिया, आज मेरी तमन्ना पूरी हो रही है। बहुत दिनों से तुझे चोदना चाहता था आज जी भर कर चोदूंगा तुझे!

दिया बोली- हां पापा, मेरी भी बहुत दिनों से तमन्ना थी तेरा लंड पकड़ने की! आज जब हाथ में तेरा लंड आया तो मज़ा आ गया. अब मैं इस मादरचोद को अपनी चूत में पेल कर पूरा मज़ा लूंगी। अपनी बहू को चोद चोद कर तेरा लंड साला बड़ा मोटा हो गया है पापा!

ऐसा बोल कर ननद अपने पापा का लंड मुंह में डाल कर चूसने लगी।

मैं उधर रज्जू के लंड का स्वाद ले रही थी और वह मेरी चूत का स्वाद!

कुछ देर में उसने मुझे सोफे पर बैठा प्रिया और मेरी दोनों बड़ी बड़ी चूचियों के बीच में लंड पेल प्रिया।वह मेरे दोनों दूध चोदने लगा.

तब तक उधर बल्लू ने अपनी बेटी की चूत में लंड पेल पेल कर चोदने लगा.वह बोला- बेटी दिया, आज मैं तेरी चूत फाड़ डालूँगा। तुझे मैं आज रंडी की तरह चोदूंगा। इतनी टाइट और जवान चूत मुझे बहुत दिनों के बाद मिली है।

दिया बोली- हां भोसड़ी के भडुवे … चोद ले अपनी बिटिया की चूत रंडी की तरह! बना दे मुझे रंडी ताकि मुझे रोज़ रोज़ नए नए लंड मिलते रहें। तेरे लंड की बहन की बुर साले कुत्ते की तरह चोद मुझे! मैं देखती हूँ तेरे इस मादरचोद लंड में कितना दम है।

बल्लू फिर जी जान से धकाधक चोदने लगा दिया की चूत!

तब तक रज्जू ने भी मुझे चोदना शुरू कर प्रिया।

हम दोनों की चूत का बाजा एक साथ बजने लगा।फचर फचर की आवाज़ ने सबको मस्त कर प्रिया।

चुदाई की महक ने सबको मदहोश कर प्रिया।

हम दोनों के मुंह से सिसकारियां निकलने लगीं- आआ आआआ होओ ओओओ हणंन्न हाय रे … मज़ा आ रहा है! ऊऊऊओ ही ही हो सीईई ऊऊओ वाओ होओओ ओओओओ!

इतने में बल्लू ने दिया की गांड में घुसेड़ प्रिया लंड!लंड पूरा घुसा तो वह चिल्ला पड़ी- फट गयी मेरी गांड! भोसड़ी के बल्लू, तूने इतना मोटा लंड क्यों पेल प्रिया मेरी गांड में?बल्लू ने कहा- मैं जानता हूँ कि तू बहुत बड़ी चुदक्कड़ है। मेरा लंड साला सट्ट से तेरी गांड में घुस गया. बता हरामजादी कुतिया, कितने लंड खा चुकी है तू अब तक?

दिया बोली- गिना तो नहीं … पर हां 15/16 लंड मेरी चूत खा चुकी है. और उनमें से 10/12 लंड तो मेरी गांड भी खा चुकी है बल्लू!

अब दिया की बेशर्मी देखने वाली थी।वह बोली- बल्लू, तू मेरा बाप नहीं, मेरा बॉयफ्रेंड है। तू मेरा प्रेमी है मैं तेरी प्रेमिका हूँ। मुझे चोद खूब चोद!

दिया की बातों ने बल्लू के लंड में जोश भर प्रिया।वह दिया की चूत घपाघप चोदने लगा।

उधर रज्जू ने लंड मेरे मुंह में घुसा प्रिया और मेरे बाल पकड़ कर मेरा मुंह ही चोदने लगा।वह बोला- यार बल्लू, तेरी बहू तो लंड बड़े मजे से चूसती है।बल्लू ने कहा- हां यार, तेरी बहू भी लंड खाने में बड़ी माहिर है। रंडी की तरह चुदवा रही है मुझसे!

रज्जू कुछ ही पल में मेरे मुंह में झड़ गया.उसके वीर्य से मेरा मुंह भर गया पर मैं सारा का सारा वीर्य गटक गई।

उधर बल्लू के लंड ने भी पिचकारी छोड़ दी।दिया तो एक एक बूँद चट कर गयी।

ग्रुप फॅमिली सेक्स में हम दोनों भी बुरी तरह खलास हो चुकी थीं।

दूसरी पारी में रज्जू ने कहा- यार बल्लू, इस बार हम लोग अपनी अपनी बहू चोदें तो मज़ा आये!बल्लू ने कहा- हां सही है। तुम मेरे सामने अपनी बहू चोदो, मैं तेरे सामने अपनी बहू चोदूँ। तब मालूम होगा कि हमारी बहुएं अपने अपने ससुर से कैसे चुदवातीं हैं!

फिर क्या … बल्लू रज्जू के सामने अपनी बहू बरखा को चोदने लगा और रज्जू बल्लू के सामने अपनी बहू दिया को चोदने लगा।

बल्लू ने अपनी बेटी को रज्जू से चुदती हुई देखा तो बोला- यार रज्जू, मेरी बेटी बड़ा मस्त चुदवा रही है तुमसे!रज्जू ने बताया- हां यार, तुम सही कह रहे हो। हकीकत यह है कि मेरी 3 बहुएं हैं. उनमें से सबसे ज्यादा अच्छी तरह से चुदवाने वाली बहू दिया ही है। इसलिए मैं अक्सर दिया को ही चोदता हूँ और खूब एन्जॉय करता हूँ।

हम दोनों ननद भौजाई ने आमने सामने अपने अपने ससुर से खुल्लम खुल्ला चुदवाकर खूब मज़ा लूटा।

मेरे यारो, कैसी लगी ग्रुप फॅमिली सेक्स कहानी?बताओ मुझे!support@mohakkisse.com