होम पर वापस जाएं
रंडी की चुदाई / जिगोलो पठन समय: 9 मिनट पढ़ा गया: 514 बार

एक छोटी सी लव स्टोरी

अजय सिन्हा

17 Aug 2012 को प्रकाशित

एक छोटी सी लव स्टोरी
कहानी सुनें

ऑडियो प्लेयर (Play Audio)

स्वर: लोड हो रहा है...

0:00
0:00

प्रिय दोस्तो,अजय का प्यार भरा नमस्कार ।मेरी पिछली कहानीबंगालन भाभी की यौन संतुष्टि की चाहत पूरी हुईको इतना पसंद करने के लिए धन्यवाद।

इस बार मैं आपको एक बेचैन प्यासी भाभी की प्यास की एक छोटी सी कहानी बताऊँगा जिनके लिए मैंने अपने बनाये खुद के नियम को तोड़ा।मेरा नियम है कि जिसको भी मेरा सर्विस चाहिए, मुझे इमेल करे, साथ में अपना मोबाइल नम्बर और फ़ोटो भेजे, बाद में मैं पैसे के बारे में बात करता हूँ।लेकिन मैंने उससे पैसे नहीं लिए।

अभी बात दो दिन पहले की है, मेरे पास एक मेल आया, देखा कि एक फ़ोटो है।और उसने मेरे फ़ोटो की रिक्वेस्ट की थी।तो मैंने अपने फ़ोटो के साथ अपना नम्बर भी मेल कर दिया।

थोड़ी ही देर में उसका कॉल आ गया, उसने अपना नाम रीता शरण (बदला हुआ नाम) बताया। साथ में यह भी कि वो रांची के अशोक नगर में रहती है।थोड़ी देर बात हुई उसने बताया कि उसने मेरी कहानी पढ़ी है, बहुत पसंद आई और वो मेरे से चुदवाना चाहती है।

मैंने कहा कि आपको तो कोई और भी मिल सकता है।तो रीता बोली- मिल तो सकता है पर आप बहुत अच्छा फॉरप्ले करते हो। कहानी पढ़ के ऐसा लगा तो आप रियल में तो जान ही ले लोगे।

मैंने उससे उसकी उम्र पूछा तो उसने बताया कि वो 42 साल की है, यह भी बताया कि उसकी एक बेटी है जो हाई स्कूल में बाहर पढ़ाई करती है।मैंने कहा कि फ़ोटो में तो आप कम लग रही तो रीता बोली कि वो 4 साल पहले की फ़ोटो है पर अभी भी वैसे ही हूँ मैं!मैंने कहा- अच्छी बात है।

फिर रात में मैंने रीता के साथ IMO पर वीडियो चैट भी की।रीता कोई बहुत सुंदर परी नहीं थी पर हाँ उसका बदन अभी भी बहुत सुडौल था, अभी भी बहुत आकर्षण था उसमें… चूची 36, कमर 32, चूतड़ तो बहुत मस्त 38 से कम नहीं।रंग उसका सांवला था पर कुल मिला के माल अच्छी थी।

हम दोनों ने वीडियो चैट पर एक दूसरे से नंगे होकर बात की, वो अपनी चूत में ऊँगली कर के दिखा रही थी, मैं अपना लंड हिला कर दिखा रहा था।

फिर हम लोग फ़ोन कॉल पे आ गए और चुदाई की बातें करने लगे।वो बताने लगी- तुम्हारा लंड बहुत पसंद आया मुझे!अगले दिन मिलने की बात तय हो गई।

मैंने पूछा- क्या दोगी मुझे?तो बोली- प्लीज, मैं पैसा नहीं दे पाऊँगी। और प्लीज तुम ना मत कहना। क्यूंकि मुझे चुदवाना है तुमसे। मैं बहुत दिन से प्यासी हूँ।उसने ऐसा रिक्वेस्ट किया तो मैं भी मना नहीं कर पाया।मैंने कहा- ठीक है, मैं आपकी प्यास बुझा दूंगा।

उसने अपने घर का एड्रेस दिया और मैं अगले दिन 3 बजे पहुँच गया।रास्ते भर यह सोचते गया कि इसकी प्यास किस तरीके से बुझाई जाये।

फिर सोचा कि जैसा मैं हॉट फॉरप्ले करता हूँ, वैसा ही फोरप्ले करना है और जब लंड डाल के पेलना होगा तो इतना पेल दो कि उसकी साँसें चढ़ जायें।

पहुँचा तो उसने दरवाज़ा खोला, मैं अंदर जाकर बैठ गया।वो थोड़ा शर्मा रही थी, बोली- अजय, देखो मुझे गलत मत समझना… पर मन बहुत करता है।

मैंने कहा- हाँ वो मैं समझ सकता हूँ।फिर मैंने कहा- कोई आ तो नहीं जायेगा न?तो वो बोली- नहीं आयेगा।

रीता ने साड़ी पहनी हुई थी नाभि से थोड़ा नीचे जिससे उसकी गहरी नाभि के साफ़ दर्शन हो रहे थे… बैकलेस ब्लाउज बिना बाजू वाली, गहरा गला… कुल मिला कर सेक्सी बहुत लग रही थी।36 के चूची से हल्का सा पल्लू साइड में था।दोस्तो। मुझे भाभियाँ या ऑन्टी साड़ी में बहुत सेक्सी लगती हैं।

अचानक से मैं खड़ा हो के रीता को गले से लगा लिया तो उसने भी मुझे अपनी बाहों में कस लिया।मैंने उसके होंटों को खूब चूसा, साथ में 38″ के चूतड़ दबा रहा था।

मैंने रीता के पल्लू को गिरा दिया, उसके बड़े चूचे मेरे हाथों में थे अब… मैंने उन्हें मसलने में ज़रा भी देर नहीं लगाई।काफी देर चूमाचाटी के बाद मैंने रीता की साड़ी खोल दी, वो हसीना अब ब्लाउज और पेटीकोट में थी।आअह्ह्ह्ह… उसका मस्त पेट और गहरी घाटी जैसी नाभि को देख कर मेरे मुंह में पानी अ गया, मैंने जीभ डाल दी नाभि में!

अब मैंने अपने और रीता के सब कपड़े उतार कर फेंक दिए।अह्ह… चूत चिकनी… कूल्हे घड़े जैसे गोल…

यह भी पढ़ें (Recommended)

चुद गई कुतिया कोठे पर-1

वो अपने फ्रिज से आइसक्रीम ले आई और सोफे पे बैठ गई, दोनों पैरों को खोल के फैला लिया।मैंने आइसक्रीम को बूर पर लगाया और मस्त चाटने लगा।‘आअह्ह्ह्ह…’ मीठी क्रीम के साथ न नमकीन चूत का पानी… यानि फुल मस्ती!चूत को चाट कर आइसक्रीम को साफ़ किया तो रीता जान के मुँह से लगातार सिसकारी निकल रही थी।

फिर रीता सोफे पे ही डॉगी स्टाइल में आ गई और कहा- अजय अब मेरी गांड चाटो।तो मैंने देर न करते हुए आगे हाथ डाल कर दो उंगलियाँ बुर में डाली और जीभ को गांड के छेद पे डाल के चाटने लगा।

आअह्ह्ह आअह्ह्ह्ह…मैं पूरा ऊँगली पेल रहा था बुर में।मेरा लंड इतना बेचैन था कि पूछो मत!

अब मैंने रीता को आगे घुमाया और उसके मुँह में अपना लंड दे दिया।वो भी मज़े से मेरा लंड चूसने लगी।

‘आअह्ह्ह्ह आह्ह्ह्ह…’ अब मैंने रंडी रीता के सर को पकड़ के पेलने लगा लण्ड मुह में। कभी उसके बालों को पकड़ कर खींच रहा था। कभी गालों पे थप्पड़ मार रहा था।

रीता के मुख से लगातार थूक और लार टपक रही था। मेरे वाइल्ड टाइप मुख चुदाई से उसका चेहरा लाल हो गया था।

अब मैंने उसे डाइनिंग टेबल पर बैठा दिया और अपना लंड चूत में डाल के पेलने लगा।कसम से दोस्तो, ऐसे में खड़े होकर पेलने में बहुत मज़ा आता है।

बहुत आराम से चूत को फाड़ रहा था मेरा लंड… टेबल पे लेटा कर पैरों को कंधे पर रख कर चोदे जा रहा था मैं…वो मज़े में ऐसे चिल्ला रही रही जैसे कोई कमसिन माल चुद रही हो- आअह्ह्ह आह्ह्ह और पेलो अजय… जान ले लो आज मेरी चोद चोद कर…

थोड़ी देर पेलने के बाद उसका पानी निकलने लगा तो वो अकड़ गई अपने पैरों से मेरी गर्दन जकड़ ली।थोड़ी देर के बाद मैंने अपना लण्ड निकाल लिया, उसे थोड़ी देर प्यार किया और वैसे ही उसे टेबल पर ही घोड़ी बना कर लण्ड को गांड के छेद पे टिका दिया, कमर को पकड़ कर हल्का धक्का मारा, मेरा आधा लण्ड उसकी गांड में था।

अब मेरे हर धक्के पे उसकी गांड आगे की तरफ हो जा रही थी, मैंने पूरा लंड जड़ तक पेल रखा था।रीता ने पहले भी गांड मरवा रखी थी तो आसानी से अंदर बाहर हो रहा था लण्ड मेरा।आह्ह्ह… अह्ह्ह्ह… दोनों मस्ती में झूम रहे थे।

तभी मैंने एक हाथ आगे करके उसकी चूत में तीन उंगलियाँ पेल दी, रीता पागल सी हो गई।अब बुर में तीन उंगलियाँ और गांड में मेरा मोटा लण्ड… आह्ह्ह कसम से भाभियो बहुत मज़ा आ रहा था हम दोनों को।

लण्ड के हर धक्के पे अंदर मेरी ऊँगलियों को लंड महसूस हो रहा था।इस तरह रीता भाभी की मस्त चुदाई चल रही थी, गांड और चूत दोनों में लण्ड और उंगली लेने के कारण उसे बहुत मज़ा आ रहा था। और रीता जान अपना गांड पीछे करके इसका इज़हार भी कर रही थी।

थोड़ी देर चोदने के बाद रीता फिर से झड़ गई। अब वो मुझे भी अपना माल निकलने बोल रही थी।अब मैं कुत्ते जैसे उसकी मस्त गांड को कमर पकड़ कर चोदने लगा और जब मेरा माल निकला तो उसकी गांड में ही डाल दिया।

रीता मुड़ के मेरे सीने से लग गई, मैं भी उसकी पीठ और सर को सहलाने लगा।रीता बहुत खुश थी।

तो दोस्तो, ऐसे हमारी और रीता की दोस्ती हुई जो आज भी जारी है।रीता कभी कभी मुझे बुलाती है अपनी चूत की खुजली मिटाने के लिए।

कैसी लगी मेरी यह छोटी सी लव स्टोरी?मेल जरूर कीजियेगा, अच्छा लगेगाsupport@mohakkisse.comमेरा फेसबुक अकाऊँटsupport@mohakkisse.com

कहानी पर अपनी प्रतिक्रिया दें (React to Story)

इसी श्रेणी से अन्य कहानियाँ

चुदाई की कमाई की शुरुआत
रंडी की चुदाई / जिगोलो

चुदाई की कमाई की शुरुआत

दोस्तो नमस्कार.. मैं नेहा फिर से आप लोगों के सामने कामवासना से भरी एक सच्ची उत्तेजक घटना लेकर आ रही हूँ.. और मेरे पहले की कामुक कहानियाँ पसन्द करने के लिए मेरे प्रिय पाठकों को धन्यवाद।

14 मिनट 735
वर्जिन आर्मी का ‘मिशन प्यार’
रंडी की चुदाई / जिगोलो

वर्जिन आर्मी का ‘मिशन प्यार’

प्रेषक : वर्जिन जनरल

14 मिनट 561
चुद गई कुतिया कोठे पर-1
रंडी की चुदाई / जिगोलो

चुद गई कुतिया कोठे पर-1

प्रेषिका : उषा मस्तानी

164 मिनट 636

पाठकों की राय

0 टिप्पणियां
इस कहानी पर अभी तक कोई टिप्पणी नहीं है। पहली टिप्पणी करें!
🔒 सुरक्षा कारणों से कॉपी करने की अनुमति नहीं है।